आगामी लोकसभा चुनावों में तीसरे मोर्चे की सरकार बनने की भविष्यवाणी करने वाले सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने अप्रत्यक्ष रूप से फिर प्रधानमंत्री बनने की इच्छा जाहिर की है।
हालांकि उन्होंने कहा कि वह पीएम बनने की रेस में नहीं हैं, लेकिन उन्होंने इस तरह के प्रस्ताव को स्वीकार करने से भी इंकार नहीं किया। मुलायम ने तृणमूल कांग्रेस, टीडीपी और जदयू के साथ सपा के जुड़ने से तीसरे मोर्चे के गठन की अपेक्षा की।
उन्होंने कहा कि वह पहले भी इन पार्टियों के साथ काम कर चुके हैं।
सपा प्रमुख ने एक टीवी इंटरव्यू के दौरान कहा, ‘अगले चुनावों में न तो कांग्रेस को और न ही भाजपा को बहुमत मिलेगा। तीसरे मोर्चे में जुड़ने वाले दलों में समाजवादी पार्टी सबसे बड़ी होगी।’
हालांकि नेताजी ने साफ किया कि अगर तीसरे मोर्चे की सरकार बनती है तो वह प्रधानमंत्री पद के लिए दावेदारी पेश नहीं करेंगे, लेकिन साथ ही उन्होंने संकेत दिए कि पहले भी ऐसा हुआ है, जब कोई एक ऐसा नेता प्रधानमंत्री बना है, जिसकी कोई चर्चा ही नहीं थी।
गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए मुलायम ने कहा कि सिर्फ मीडिया ही उनके नाम की हवा बना रहा है। जब उनसे पूछा गया कि क्या अगला चुनाव मोदी बनाम राहुल होगा, तो उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश चुनावों को भी राहुल बनाम अखिलेश का नाम दिया गया था।
मुलायम ने कहा, ‘मोदी को यह बताना चाहिए कि आखिर उन्होंने क्या हासिल किया है। मोदी मॉडल क्या है? गुजरात के विकास के पीछे रिलायंस का हाथ है।’
कांग्रेस पर भी कड़ा प्रहार करते हुए सपा प्रमुख ने कहा कि वह हमेशा उनके लिए परेशानी खड़ी करती है। उन्होंने यह भी कहा कि एनसीपी प्रमुख शरद पवार के प्रधानमंत्री पद की इच्छा जताने में कुछ भी गलत नहीं है। हम यहां राजनीति करने आए हैं। हम संत या संन्यासी नहीं हैं।
मुलायम ने भाजपा नेता लाल कृष्ण आडवाणी की तारीफ करते हुए कहा कि क्या वह देश के नेता नहीं हैं। मोदी के यूपी से चुनाव लड़ने के सवाल पर उन्होंने यह एक काल्पनिक सवाल है।