भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने प्रियंका गांधी के बयान के बहाने मंगलवार को अपनी जनसभाओं में कास्ट कार्ड चला।
उन्होंने कहा,‘मैं नीच जाति का हूं मगर मेरी राजनीति नीच नहीं है। मेरे ऊपर गंदा आरोप लगाया गया। क्या नीच जाति में पैदा होना अपराध है। मुझे गालियां देनी हैं तो दीजिए, मैं झेलने को तैयार हूं मगर जाति का अपमान मत कीजिए।’
पूर्वांचल में मंगलवार को अपनी सभाओं की शुरुआत सिद्धार्थनगर से की। करीब दो घंटे की देरी से मध्याह्न 12 बजे मंच पर पहुंचे मोदी को माइक संभालने में बमुश्किल पांच मिनट ही लगे। अपने 40 मिनट के भाषण में 30 मिनट तक वह नीची जाति के मुद्दे पर ही बोले। शुरुआत में सोमवार को अमेठी में हुई अपनी सभा का जिक्र किया। कहा कि मैंने कल घटनाओं का ब्योरा दिया था।
'हल्के शब्दों का प्रयोग मेरा चरित्र नहीं है'
मोदी ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के साथ हुई घटना का जिक्र किया था। हल्के शब्दों का प्रयोग मेरा चरित्र नहीं है। हकीकत गुनाह है तो सजा को तैयार हूं। आज मेरी जाति को गाली दी जा रही है। मुझे गर्व है कि मैं नीच जाति का हूं लेकिन मेरी राजनीति नीच नहीं है।
मोदी यहीं नहीं रुके, इशारों में उन्होंने गांधी परिवार पर हमला जारी रहा। कहा, महल वालों के चेहरे चमकते रहें, वे सुखी रहें, इसके लिए हमने खून-पसीना बहाया है। बदले में हमें दरवाजों पर पिटवाया गया लेकिन हमारे पुरखों ने इसका कभी बुरा नहीं माना। आगे भी हम सितम झेलने को तैयार हैं लेकिन जीने का अधिकार सब को है।
आजादी के 60 साल बाद जातियों का अपमान बंद होना चाहिए। यह नीच जातियों के लिए गाली है। चुनाव आयोग को इसका संज्ञान लेना चाहिए।
'हमने चाय बेची है, देश नहीं बेचा'
एक बार फिर वह चाय के मुद्दे पर आए। कहा, चाय बेचने का हक सब को है। हमने चाय बेची है, देश नहीं बेचा। सपा, बसपा और कांग्रेस के शासन में जाति और बिरादरीवाद बढ़ा है। हिंदू-मुस्लिम एकता की वकालत करते हुए उन्होंने मिलकर गरीबी से लड़ने की अपील की। साथ ही विकास की राजनीति करने की सलाह दी।
एक बार फिर से यह कहना नहीं भूले कि कांग्रेस का अंत नजर आ रहा है। आने वाले समय में नया इतिहास बनेगा। उन्होंने सिद्धार्थनगर की डुमरियागंज सीट से भाजपा के प्रत्याशी जगदंबिका पाल, महराजगंज से पंकज चौधरी और बांसगांव से पार्टी प्रत्याशी कमलेश पासवान के समर्थन में देवरिया के रुद्रपुर में सभा की।
बता दें कि सोमवार को मोदी ने चुनावी सभा में कांग्रेस के साथ राजीव गांधी पर भी कटाक्ष किया था। इसकी प्रतिक्रिया में प्रियंका गांधी ने कहा था, ‘मेरे पिता का अमपान किया गया है। इस नीच राजनीति का अमेठी की जनता जवाब देगी।’