देश भर में गुरुवार को 67वां स्वतंत्रता दिवस पूरे हर्षोल्लास से मनाया
गया। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराकर
देशवासियों को बधाई दी।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अपने भाषण में यूपीए सरकार के नौ सालों का लेखा-जोखा देश के सामने पेश किया। साथ ही अपनी सरकार की उपलब्धियों का बखान भी किया।
'केंद्र सरकार गरीबों की थाली में छिड़क रही है एसिड'
उन्होंने कहा कि साल 2004 के बाद से ग्रामीण भारत की तस्वीर बदली है। मनरेगा की वजह से लोगों को रोजगार मिला है। 2004 के बाद गरीबी की दर में तेजी से कमी आई है।
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''खुशहाल भारत की कल्पना''
उन्होंने अपने भाषण में कहा, ''हमने एक खुशहाल भारत की कल्पना की है, जिसमें भूखमरी, गरीबी के लिए कोई जगह न हो। सब के लिए सामाजिक समानता और समान आर्थिक अवसर उपलब्ध हो।''
बेड़ियों से आजाद होने को तड़पती आधी आबादी
उन्होंने उत्तराखंड में आई आपदा पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने आपदा में प्रभावित लोगों के प्रति संवेदना जताते हुए उनके घरों को जल्द से जल्द तैयार कराए जाने का आश्वासन दिया। साथ ही आपदा के दौरान राहत और बचाव कार्य में लगे जवानों, सरकारी कर्मचारियों और आम जनता की सराहना की।
उन्होंने विस्फोट के बाद आईएनएस सिंधुरक्षक पनडुब्बी के नष्ट होने और उसमें सवार 18 नौसैनिकों के शहीद होने पर दुख जताया।
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81 करोड़ भारतीयों को मिलेगा सस्ता अनाज
उन्होंने बताया कि खाद्य सुरक्षा बिल संसद में पेश कर दिया गया है। उम्मीद है कि यह जल्द लागू भी हो जाएगा। इससे 81 करोड़ भारतीयों को सस्ता अनाज मिल पाएगा। हम किसानों के मेहनत की वजह से ही इस कानून पर विचार कर पाए हैं।
उन्होंने कहा कि मिड डे मिल से बच्चों के पोषण को बढ़ावा दिया जा रहा है लेकिन बिहार में जो घटना हुई वह दोबारा नहीं होनी चाहिए। आर्थिक विकास हमारे देश के लिए बहुत जरूरी है। पिछले 9 साल में देश के आर्थिक विकास में तेजी आई है, इससे हमारी क्षमताओं का पता चलता है। हालिया स्थिति को सुधारने की भी कोशिश जारी है।
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पाक को फटकार
उन्होंने कहा कि पिछले 9 साल में दुनिया की बड़ी ताकतों से हमारे देश के संबंध सुधरे हैं। हमारी कोशिश है कि पड़ोसी देशों से भी मधुर संबंध बने रहें, लेकिन पाकिस्तान को यह तय करना होगा कि वह अपनी जमीन का इस्तेमाल भारत विरोधी गतिविधियों में न करे।
नियंत्रण रेखा पर हमारे जवानों के साथ बर्बरतापूर्ण व्यवहार किया गया। हम ऐसी घटनाओं पर लगाम लगाने की पूरी कोशिश करेंगे। छत्तीसगढ़ में नेताओं पर हुआ नक्सली हमला लोकतंत्र पर हमला था, ऐसा हम आगे नहीं होने देंगे।