सांसद धनंजय सिंह को इस बात की जानकारी थी कि उनकी पत्नी डॉक्टर जागृति सिंह नौकर व नौकरानी से अमानवीय व्यवहार व मारपीट करती है।
जब जागृति सिंह ने सांसद को नौकरानी के साथ मारपीट की जानकारी दी तो उन्होंने पुलिस को इस बारे में कुछ नहीं बताया। इसके बाद सांसद पहले दिल्ली पहुंचे और सरकारी आवास से सीसीटीवी कैमरों का रिकॉर्डिंग सिस्टम हटाया।
नई दिल्ली रेंज संयुक्त पुलिस आयुक्त मुकेश कुमार मीणा ने मंगलवार रात करीब साढ़े नौ बजे आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि नौकरानी की बहुत ही क्रूरता से हत्या की गई है। तीन और चार नवंबर की रात नौकरानी राखी, नौकर रामसिंह और एक अन्य नौकरानी मीना की बेरहमी से पिटाई की गई थी।
फिर मीना अपने घर चली गई जबकि अधमरी हालत में राखी को सर्वेंट क्वार्टर में डाल दिया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जागृति सिंह ने कुछ माह पहले फरीदाबाद के सांसद के बेटों पर भी छेड़छाड़ का आरोप लगाया था।
हालांकि, इस मामले में समझौता हो गया था। पुलिस का यह भी कहना है कि इन अत्याचारों के कारण नौकर व नौकरानी उनके यहां ज्यादा दिन तक काम नहीं करते थे। कई नौकर सांसद के घर से भाग चुके हैं।
तीन को तड़के जिंदा देखा था राखी को
संयुक्त पुलिस आयुक्त के अनुसार, राम सिंह ने बताया कि पिटाई के बाद राखी अधमरी जैसी हो गई थी। उसने तीन नवंबर को तड़के साढ़े चार बजे राखी को जिंदा देखा था। वह दर्द से कराह रही थी।
नेपाली नौकर ने भी लगाया था मारपीट का आरोप
पुलिस का कहना है कि जागृति सिंह को छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आ जाता था। वह छोटी सी गलती पर नौकर व नौकरानी की पिटाई कर देती थी। सांसद दंपति ने शुरू में पुलिस को बयान दिया था कि नौकरानी की मौत छत से गिरने से हुई है। हालांकि, पुलिस उनके बयान पर विश्वास नहीं कर रही है। वहीं, कुछ साल पहले नेपाली नौकर ने उस पर मारपीट करने का आरोप लगाया था। वह नौकरी छोड़कर चला गया था।
खून धोने के सबूत मिले
जिला डीसीपी एसबीएस त्यागी ने बताया कि सर्वेंट क्वार्टर व अन्य जगहों से खून को पानी से साफ करने के सबूत मिले हैं। पुलिस इस बात की तफ्तीश कर रही है कि सबूतों के साथ सांसद या फिर उनकी पत्नी ने तो छेड़छाड़ नहीं की है। डीसीपी का कहना है कि चोट के कारण नौकरानी के सिर से खून बहा था।