एक पिता ने केरल हाईकोर्ट की कोच्चि खंडपीठ से बेटी की सुरक्षा के लिए मदद की गुहार लगाई है।
उसने अपनी याचिका में कहा है कि उसकी बेटी को एक लेस्बियन ग्रुप के एक सदस्य ने अगवा कर लिया है। उनसे उनकी बेटी की जान को खतरा है।
पिता की याचिका पर सुनवाई करते हुए खंडपीठ ने राज्य सरकार और पुलिस विभाग को इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करने की नोटिस जारी की है।
टीओआई में छपी खबर के अनुसार, कोच्चि के शोरनौर के रहने वाले मोहनन पीएस ने अपनी याचिका में बताया कि उनकी 22 वर्षीय बेटी बीकॉम की छात्रा है। पांच जुलाई को वह कॉलेज से घर नहीं लौटी है।
जांच में पता चला कि बेंगलुरू के एक लेस्बियन ग्रुप संगम की मदद से एक लेस्बियन उसे किसी अनजान जगह लेकर चली गई है।
मोहनन ने 6 जुलाई को उस अज्ञात लेस्बियन के खिलाफ बेटी के अपहरण का मामला दर्ज कराया था। उन्होंने अपनी याचिका में कहा है कि संगम ग्रुप के सदस्य उसे बंधक बनाए हुए हैं। पुलिस भी उनकी बेटी को उनके चंगुल से छुड़ा नहीं पाई है।
गौरतलब है कि संगम ग्रुप समलैंगिकों के बीच रिश्तों को बढ़ावा देता है। मोहनन ने कहा कि हालांकि उनकी बेटी की अभी शादी नहीं हुई है, वह किसी महिला से शादी नहीं कर सकती है। ऐसा करना देश में गैरकानूनी है।