बिहार में विधानसभा चुनावों से पहले वोटरों को लुभाने के लिए लोक लुभावन वादों की घोषणा होनी शुरू हो गई है। इसी क्रम में आरजेडी अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने कहा है कि अगर उनकी पार्टी फिर से सत्ता में आती है, तो वह ठेके पर रखे गए लाखों टीचरों की नियमित कर देंगे।
पिछले महीने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ‘अधिकार यात्रा’ के दौरान इन टीचरों ने अपनी नियमित नौकरी की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था। अपनी ‘परिवर्तन यात्रा’ के दौरान एक सभा में लालू ने कहा, ‘मैं यह वादा करता हूं कि अगर हम फिर से सत्ता में आए, तो ठेके पर रखे गए लाखों टीचरों को नियमित कर देंगे।’
बिहार में ढाई लाख टीचर ठेकेदारी प्रथा के अंतर्गत काम कर रहे हैं। नीतीश ने हाल ही में कहा था कि सरकार की वित्तीय स्थिति इतनी मजबूत नहीं है कि वह इन्हें नियमित कर सकें। लालू ने सभा में यह भी कहा कि बिहार में बहुत से युवा मुसलिमों को आतंकी मामलों में जानबूझकर फंसाया जा रहा है और मुख्यमंत्री इसका विरोध भी नहीं कर रहे हैं। उन्होंने नीतीश की धर्म निरपेक्षता पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि वह सत्ता की खातिर भाजपा और संघ की गोद में बैठे हुए हैं।