गुजरात का बहुचर्चित इशरत जहां फर्जी एनकाउंटर प्रकरण फिर से सुर्खियों में है।
15 जून, 2004 को अहमदाबाद में पुलिस ने मुठभेड़ में चार कथित आतंकियों को मार गिराया था। पुलिस ने दावा किया था कि इन आतंकियों का संबंध आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से था।
पुलिस का कहना था कि इन आतंकियों के निशाने पर गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी थे। खुफिया विभाग ने उस समय रिपोर्ट दी थी कि आतंकी नरेंद्र मोदी को मारने के लिए मुंबई से अहमदाबाद निकल पड़े हैं।
बाद में मजिस्ट्रेट जांच में यह मुठभेड़ फर्जी मिली। इसका भी खुलासा हुआ कि सरकारी तमगे और प्रोमोशन के लिए पुलिस ने फर्जी मुठभेड़ को अंजाम दिया था।
मृतकों में इशरत जहां नाम की एक कॉलेज छात्रा और उसका दूसरा साथी जावेद शेख शामिल था। मारे गए दो अन्य लोग पाकिस्तानी नागरिक बताए गए।