इशरत जहां मर्डर केस के आरोपी पूर्व पुलिस अधिकारी पीपी पांडे ने सोमवार को अदालत में सरेंडर कर दिया है। पांडे को अदालत में हाजिर होने की मियाद आज ही खत्म हो रही थी।
पांडे जब अदालत में पेश हुए उस समय वह स्ट्रेचर पर लेटे हुए थे। पांडे गुजरात कैडर के आईपीएस हैं और उनकी लंबे समय से इशरत जहां केस मामले में तलाश थी।
इससे पहले गुजरात हाई कोर्ट ने अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक पीपी पांडे की एफआईआर रद्द करने और गिरफ्तारी से छूट दिए जाने वाली याचिका महीने की शुरुआत में खारिज कर दी थी।
इशरत जहां कांड 2004 में हुआ था और उस समय पीपी पांडे अहमदाबाद में संयुक्त पुलिस आयुक्त के पद पर थे। और उनके ही अधीन अपराध शाखा भी थी।
गुजरात पुलिस का दावा है कि इशरत और उसके तीन दोस्त गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी की हत्या करने के इरादे से यहां आए थे जहां पुलिस के साथ मुठभेड़ में उनकी मौत हो गई थी।
19 साल की इशरत जहां की मौत 2004 में अहमदाबाद के बाहरी इलाके में पुलिस के साथ एक कथित मुठभेड़ में हुई थी।
इस मुठभेड़ में इशरत के अलावा जावेद शेख, अमजदाली अकबराली राना और जीशान जोहर भी मारे गए थे।
हालांकि मानवाधिकार कार्यकर्ता इस मुठभेड़ की सच्चाई पर सवाल उठाते रहे हैं।