फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

1 अरब 21 करोड़ भारतीय हैं हम

Wed, 01 May 2013 01:18 PM IST
नई दिल्ली/एजेंसी
विज्ञापन
विज्ञापन
अब भारत की जनसंख्या बढ़कर 1 अरब 21 करोड़ तक पहुंच चुकी है। 2001 में जहां भारत की जनसंख्या वृद्धि दर 21.5 प्रतिशत थी, वहीं 2011 में यह 17.7 फीसदी तक ही सीमित रही।
विज्ञापन


साथ ही अच्छी बात यह भी है कि इन दस वर्षों में पुरुषों (17.1 फीसदी) की तुलना में महिलाओं (18.3 फीसदी) की संख्या में ज्यादा बढ़ोत्तरी हुई।

मंगलवार को गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने 1 मार्च, 2011 तक की जनगणना के अंतिम आंकड़ों को रिलीज किया। इसके मुताबिक भारत की कुल जनसंख्या 1,21,07,26,932 है।

2001 से 2011 तक भारत की जनसंख्या में करीब 18 करोड़ लोगों की बढ़ोत्तरी हुई है, जिसमें 9.09 करोड़ पुरुष और 9.10 करोड़ महिलाएं हैं।

राज्यों की बात करें तो जनसंख्या के मामले में बिहार (25.4 प्रतिशत) सबसे आगे है जबकि अन्य 14 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में 20 फीसदी से ज्यादा जनसंख्या वृद्धि दर रिकॉर्ड की गई।
विज्ञापन


कहते हैं असली भारत तो गांव में ही बसता है। सरकारी आंकड़े भी इस बात के सुबूत हैं। 2011 जनगणना के मुताबिक भारत के 83.35 करोड़ लोग ग्रामीण क्षेत्र में रहते हैं, जो कि देश की दो तिहाई आबादी है।

जबकि 37.71 करोड़ लोग शहरी क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं। 1951 में शहरी अनुपात जहां 17.3 फीसदी था, वही अब बढ़कर 31.2 प्रतिशत हो चुका है।

साक्षरता दर में हुई बढ़ोतरी

पिछले दस साल में भारत में साक्षरता दर में भी काफी सुधार आया है। 2001 में जहां देश की साक्षरता दर 64.8 फीसदी थी, वहीं अब यह बढ़कर 73 प्रतिशत हो गई है।

पुरुष साक्षरता दर 5.6 प्रतिशत बढ़कर 80.9 फीसदी जबकि महिलाओं की साक्षरता दर 10.9 फीसदी की वृद्धि के साथ 64.6 हो गई है।

मिजोरम को छोड़कर सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में महिलाओं की साक्षरता दर में सुधार हुआ है। 2001-11 के बीच दादर व नागर हवेली (18.6), बिहार (14.8) और त्रिपुरा (14.0) ने बेहतर साक्षरता दर हासिल की।

लगभग हर राज्य में साक्षरता दर में लिंग अनुपात में भी गिरावट हुई है।

सबसे ज्यादा घनी आबादी वाला शहर दिल्ली

दिल्ली (11,320) अभी भी सबसे ज्यादा घनी आबादी वाला शहर है। जबकि अरुणाचल प्रदेश (17) एक बार फिर से सबसे कम आबादी वाला क्षेत्र साबित हुआ है।

देश का प्रति वर्ग किमी जनसंख्या घनत्व भी 2001 (325) की तुलना में बढ़कर 382 पहुंच गया है। इस क्षेत्र में बिहार (1106) ने पश्चिम बंगाल को पछाड़ते हुए पहला स्थान हासिल कर लिया है।

सबसे खराब लिंग अनुपात हरियाणा में

हरियाणा लिंग अनुपात के मामले में देश के सबसे खराब राज्यों में सबसे ऊपर है। 2011 की जनगणना के अनुसार हरियाणा में 1000 लड़कों पर महज 879 लड़कियां ही हैं।

इसके बाद जम्मू व कश्मीर (889) और पंजाब (895) का नंबर आता है। उत्तर प्रदेश (912) और बिहार (918) में भी स्थिति ज्यादा बेहतर नहीं है।

साक्षरता दर की तरह केरल (1084 लड़कियां) लिंग अनुपात के मामले में भी सबसे बेहतर साबित हुआ है। इसके बाद तमिलनाडु (996), आंध्र प्रदेश (993), छत्तीसगढ़ (991) और ओडिशा (979) हैं।
विज्ञापन


देश में लिंग अनुपात की बात करें, तो प्रति एक हजार लड़कों पर 943 लड़कियां हैं।

नंबर गेम
--1,21,07,26,932 देश की कुल आबादी
--17.7 प्रतिशत बढ़ी आबादी पिछले एक दशक में
--8 फीसदी हुआ साक्षरता दर में सुधार
--64.6 प्रतिशत तक पहुंच गई है महिला साक्षरता दर
--94 फीसदी साक्षरता दर के साथ केरल पहले नंबर पर बरकरार
--61.8 प्रतिशत साक्षरता दर के साथ बिहार निचले पायदान पर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें