भारत और पाकिस्तान ने परमाणु हथियारों से जुडे़ विश्वास बहाली के उपायों पर शुक्रवार को यहां विचार विमर्श किया। दोनों पक्षों ने प्रक्षेपास्त्रों के प्रक्षेपण की पूर्व सूचना तथा परमाणु हथियारों के हादसों के खतरों को रोकने संबंधी समझौतों के क्रियान्वयन पर बातचीत की।
परमाणु हादसों के खतरों को कम करने के लिए दोनों देशों ने द्विपक्षीय समझौते की अवधि फरवरी 2017 तक बढ़ा दी है। वार्ता में भारतीय पक्ष का नेतृत्व विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (निरस्त्रीकरण) डीबी वेंकटेश वर्मा ने किया, जबकि पाकिस्तानी दल की अगुवाई वहां के अतिरिक्त सचिव ऐजाज अहमद चौधरी ने की। वार्ता में विश्वास बहाली के अन्य उपायों की संभावना पर भी चर्चा हुई।