दिल्ली में हुई गैंगरेप की घटना के खिलाफ विरोध-प्रदर्शनों के बीच प्रदर्शनकारियों ने गुरुवार को भारत बंद का आह्वान किया है। भारत बंद के साथ ही गुरुवार को काला दिवस मनाने का भी फैसला किया गया है। प्रदर्शनकारियों ने भारत बंद के लिए सोशल नेटवर्किंग साइट के माध्यम से देशभर में अभियान चला रखा है।
बंद की महत्वपूर्ण बात यह है कि इसके आह्वान के पीछे कोई राजनीतिक दल नहीं है। प्रदर्शनकारियों ने कहा है कि दोषियों को फांसी देने और सख्त कानून बनाने की मांग की मुहिम में कोई भी राजनीतिक दल शामिल नहीं होगा। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक किसी नेता को मुहिम में शामिल होना है, तो वह आम आदमी के तौर पर शामिल हो सकता है।
दिल्ली विश्वविद्यालय, जेएनयू और अन्य शैक्षणिक संस्थानों से आए छात्रों ने अपील की, कि सभी अपने दोस्तों को मैसेज और फोन कर सूचित करें कि तीन जनवरी को काला दिवस मनाएं और भारत बंद में शामिल हों। वहीं, दिल्ली पुलिस ने भारत बंद के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है।