सपा सुप्रीमो पर हमला न बोलने की नसीहत मिलने के एक दिन बाद बृहस्पतिवार को केंद्रीय इस्पात मंत्री बेनी प्रसाद वर्मा ने कहा कि वे खुद को अपमानित महसूस कर रहे हैं।
बेनी ने साफ लफ्जों में कहा है कि यदि कांग्रेस हाईकमान ने उन्हें सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव पर टिप्पणी करने से रोका तो वे कांग्रेस को छोड़ देंगे।
उल्लेखनीय है कि बेनी प्रसाद कई बार मुलायम सिंह यादव को लेकर आपत्तिजनक बयान दे चुके हैं।
'पीएम हाउस में झाड़ू लगाने लायक भी नहीं मुलायम'
हाल ही में बेनी ने कहा था, 'मुलायम सिंह यादव प्रधानमंत्री बनने का सपना देख रहे हैं। जबकि सच यह है कि मुलायम तो प्रधानमंत्री आवास में झाड़ू लगाने लायक भी नहीं हैं।'
इससे पहले बेनी ने मुलायम सिंह को 'आतंकवादी' बताया था। उनके इस बयान को लेकर भारी हंगामा हुआ था। बेनी कई बार ऐसे विवादित बयान दे चुके हैं।
'मुलायम लड़ें तो करूंगा मुकाबला, दूंगा पटखनी'
पार्टी की ओर से मना किए जाने के बावजूद वर्मा ने मुलायम सिंह पर एक बार फिर हमला बोला।
वर्मा ने मिस्त्री के इस दावे को गलत करार दिया और मुलायम सिंह को निशाना बनाते हुए कहा कि बाबरी मसजिद विध्वंस के लिए सपा सुप्रीमो ने भाजपा के साथ साठगांठ की थी।
साथ ही वर्मा ने कहा कि बुधवार को विभिन्न स्थानों पर मेरा पुतला जलाया गया था, लेकिन आज अखबारों में जिस तरह के बयान प्रकाशित हुए हैं उससे मैं खुद को अपमानित महसूस कर रहा हूं।
उन्होंने कहा कि मैं राजनीति में कुर्सी अथवा मंत्री बनने के लिए नहीं आया हूं। मैं मूल्यों में विश्वास करता हूं। मैं किसी भी समय कांग्रेस छोड़ सकता हूं अथवा पार्टी मुझे निकाल सकती हैं।
वर्मा ने यह भी कहा कि अगर कांग्रेस मुलायम सिंह के खिलाफ उनकी लड़ाई में रोड़ा अटकाती है तो वे इस्तीफा दे देंगे।
वर्मा ने मुलायम सिंह के साथ मिस्त्री पर भी हमला बोला है। उन्होंने कहा है कि कांग्रेस में सत्ता के कई केंद्र हैं। वर्मा ने कहा है कि अगर नीयत आगे बढ़ने की हो तो सत्ता के 10 केंद्र होने पर भी किसी तरह का नुकसान नहीं होगा, लेकिन उत्तर प्रदेश में सत्ता के विभिन्न केंद्र लूट और भ्रष्टाचार में जुटे हुए हैं।
उन्होंने कहा है कि वे इस मामले में खुद को इतना अपमानित महसूस कर रहे हैं कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलने का समय मांगा है।
इससे पहले कांग्रेस के उत्तर प्रदेश के प्रभारी मधुसूदन मिस्त्री ने कहा था कि बेनी प्रसाद ने मुलायम सिंह के खिलाफ दिए अपने बयानों पर दुख जताया है और वादा किया है कि आगे से इस तरह की टिप्पणी नहीं करेंगे।