विलंब से चल रही मंड़ुआडीह-नई दिल्ली सुपरफास्ट ट्रेन से सफर कर रहे एक यात्री ने पुत्र को दूध से तड़पते देखा तो सीधे रेलमंत्री को ट्वीट कर जानकारी दे दी।
रेलमंत्री सुरेश प्रभु के निर्देश पर इलाहाबाद मंडल के अधिकारियों ने आनन-फानन में फतेहपुर में दूध उपलब्ध कराया। कानपुर में ट्रेन रुकने पर अन्य यात्रियों के बच्चों को भी दूध मुहैया कराया गया। यात्री ने रेलमंत्री को ट्वीट कर धन्यवाद दिया।
वाराणसी निवासी सत्येंद्र कुमार यादव गुरुवार को अपनी पत्नी तथा 18 माह के बच्चे राजा के साथ मंडुआडीह रेलवे स्टेशन से नई दिल्ली सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन से दिल्ली जा रहे थे।
रेलमंत्री ने ट्रेन में बच्चे को उपलब्ध कराया दूध
ट्रेन का निर्धारित समय रात साढ़े दस बजे थी, लेकिन वह रात लगभग ढाई बजे रवाना हुई। ट्रेन जगह-जगह रोकी जा रही थी, इससे और विलंबित होती जा रही थी।
इसी बीच सत्येंद्र का बच्चा भूख से तड़पने लगा। बीच में किसी स्टेशन पर ट्रेन का ठहराव नहीं होने के कारण उनको दूध नहीं मिल पा रहा था।
इस पर सत्येंद्र ने तत्काल रेलमंत्री के ट्वीटर एकाउंट पर लिखा कि आपकी 12581 नंबर की ट्रेन काफी लेट चल रही है। उनका बच्चा भूख से तड़प रहा है, लेकिन उसे दूध नहीं मिल पा रहा है।
रेल मंत्री ने तत्काल सत्येंद्र से मोबाइल नंबर उपलब्ध कराने के लिए कहा। मोबाइल नंबर मिलते ही उन्होंने अधिकारियों से यात्री को दूध उपलब्ध कराने के लिए कहा।
अधिकारियों ने यात्री को खोज कर दूध उपलब्ध कराया
इसके बाद इलाहाबाद मंडल के अधिकारियों ने आनन-फानन में सत्येंद्र से संपर्क किया।
वाणिज्य निरीक्षक एसके मीणा ने इलाहाबाद के आगे फतेहपुर में गाड़ी रुकने पर सत्येंद के पुत्र को दूध उपलब्ध कराया। इसी बोगी में सफर कर रहे एक और यात्री को अधिकारियों ने दूध उपलब्ध कराया।
इसके बाद गाड़ी कानपुर पहुंची तो अन्य अधिकारी भी पहुंचे और बोगी चेक कर सफर कर रहे बच्चों को दूध उपलब्ध कराया।
इलाहाबाद मंडल के डीआरएम वीके त्रिपाठी भी पूरे मामले की जानकारी लेते रहे। सत्येंद्र ने दूध उपल्ब्ध कराने पर रेलमंत्री को धन्यवाद दिया।