पिछले दो दिनों से हिंसा से उबल रहे असम का केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने गुरुवार को दौरा कर सोनीपुर जिले के प्रभावित इलाको का जायजा लिया। इस वक्त दौरे में उनके साथ नॉर्थ-ईस्ट क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले मंत्री किरन रिजजू भी मौजूद रहे।
लेकिन केंद्रीय मंत्री के दौरे की हैरान करने वाली बात यह रही कि वह जिन पीड़ितों का दर्द जानने के लिए वहां गए थे, वे उनके करीब भी नहीं पहुंचे। टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार, जिस स्थान पर घटना हुई और जहां पर पीड़ितों के कैंप लगे हैं वहां केंद्रीय गृहमंत्री गए ही नहीं। गृहमंत्री ने विश्वनाथ चारियाली में बने सर्किट हाउस में ही वहां के सामाजिक संगठनों और राजनैतिक दलों से मुलाकात की।
रिपोर्ट के मुताबिक, असम हिंसा पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने करीब 70 से ज्यादा लोगों को मौत के घाट उतारने वाले उग्रवादी संगठन एनडीएफबी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बात कही। उन्होंने कहा कि वह इस प्रकार के आतंक के खिलाफ जीरो टोलरेंस की नीति अपनाएंगे।