दुनिया भर में अनुयायियों की संख्या के लिहाज से ईसाई सबसे बड़ा, इसलाम दूसरा बड़ा और हिंदू तीसरा बड़ा धर्म है। हिंदू धर्म मानने वालों की 97 फीसदी आबादी भारत, नेपाल और मारीशस में रहती है।
‘प्यू रिसर्च’ के ताजा अध्ययन में कहा गया है कि भारत में दुनिया के बहुसंख्यक हिंदू रहते हैं और यह सभी प्रमुख धर्मों का देश है। इस अध्ययन के अनुसार दुनिया भर में 2.2 अरब ईसाई (विश्व जनसंख्या का 32 फीसदी), 1.6 अरब मुसलमान (23 फीसदी), एक अरब हिंदू (15 फीसदी), करीब 50 करोड़ बौद्ध (सात फीसदी) और 1.4 करोड़ यहूदी (0.2 फीसदी) है। ये वर्ष आंकड़े 2010 के हैं।
इसके अलावा 40 करोड़ से अधिक लोग अफ्रीका, चीन, अमेरिकी क्षेत्र और आस्ट्रेलिया के कई पारंपरिक पंथों-धर्मों से हैं। करीब 5.8 करोड़ लोग दूसरे धर्मों मसलन बहाई, जैन, सिख तथा पारसी से ताल्लुक रखते हैं। प्यू का कहना है कि 87 फीसदी हिंदू तीन देशों भारत, मारीशस और नेपाल में रहते हैं, जबकि 87 फीसदी ईसाई दुनिया के 157 ईसाई बहुल देशों में रहते हैं।
वैश्विक स्तर की पूरी आबादी में औसत आयु वाले लोगों की बात करें तो मुसलमानों में 23 साल और हिंदुओं में 26 साल है। दुनिया भर में पूरी आबादी की बात करें तो औसत आयु 28 साल है। अध्ययन में कहा गया है कि दुनिया भर की मुसलिम आबादी का 11 फीसदी भारत में है।
इंडोनेशिया के बाद भारत मुसलिम आबादी वाला दूसरा सबसे बड़ा देश है। दुनिया मुसलिम आबादी के इंडोनेशिया में 13 फीसदी, भारत में 11 फीसदी, पाकिस्तान में 11 फीसदी, बांग्लादेश में आठ फीसदी, नाईजीरिया में पांच फीसदी, मिस्र में पांच फीसदी, ईरान में पांच फीसदी और अल्जीरिया में दो फीसदी और मोरक्को में दो फीसदी मुसलमान रहते हैं। दुनिया के 49 देशों में मुसलिम आबादी बहुसंख्यक है। दुनिया के करीब 73 फीसदी मुसलमान इन्हीं देशों में बसते हैं।