दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि हिंसा किसी समस्या का समाधान नहीं है। आप के कौशांबी स्थित कार्यालय पर हमला और तोड़फोड़ की घटना पर केजरीवाल ने कहा कि हिंसा किसी समस्या का समाधान नहीं है।
अगर ऐसी घटना को अंजाम देने वाले लोग इसे हल मानते हैं तो वह समय और स्थान बता दें-मैं वहां आ जाऊंगा और वे अपनी इच्छा पूरी कर लें।
केजरीवाल ने कहा कि कश्मीर में सेना की तैनाती का फैसला केन्द्र सरकार का है। उन्होंने कहा कि महत्वपूर्ण यह है कि लोगों की निजी राय का सम्मान किया जाना चाहिए। इस संबंध में जनमत संग्रह कोई विकल्प नहीं है।
आप की लोकप्रियता से बीजेपी में हताशा
आप नेता प्रशांत भूषण के कश्मीर पर दिए गए बयान से उत्तेजित हिंदू रक्षा दल के कार्यकर्ताओं ने कौशाम्बी स्थित कार्यालय पर हमला किया और तोडफोड की।
भूषण ने इस घटना पर कहा है कि यह इस बात को दर्शाता है कि भाजपा आप की बढती लोकप्रियता से बहुत हताश हो गई है। उन्होंने कहा कि मैं अपने बयान के बारे में स्पष्ट कर चुका हूं किंतु यह घटना भाजपा-संघ परिवार और उनके सहयोगी संगठनों में गहरी हताशा को प्रतिविंब करती है।
उन्होंने दावा किया कि हमलावरों में एक वह व्यक्ति भी था जो 12 दिसम्बर 2011 को उच्चतम न्यायालय में उनके चैम्बर में उनके साथ की गई धक्का मुक्की में भी शामिल था। उन्होंने कहा कि हमलावरों में तेजिंदर सिंह बग्गा भी था जिसने चैम्बर पर मेरे ऊपर हमला किया था। यह भाजपा का सक्रिय कार्यकर्ता है। उसकी वेबसाईट को भाजपा और संघ परिवार का सहयोग मिला है।