नरेंद्र मोदी के करीबी और बिहार के वरिष्ठ भाजपा नेता गिरिराज सिंह ने मोदी विरोधियों को चुनाव बाद पाकिस्तान भेजने की धमकी देकर पार्टी को परेशानी में डाल दिया है।
गिरिराज के इस बयान पर पार्टी असहज है, जबकि विरोधी कांग्रेस और जदयू ने इसे बड़ा चुनावी मुद्दा बनाने का संकेत देते हुए गिरिराज की चुनाव आयोग से शिकायत कर दी है।
बयान को लेकर भाजपा पर जोरदार हमलों और राजनाथ सिंह की फटकार के बावजूद गिरिराज अपने बयान पर कायम हैं। उन्होंने रविवार को फिर दोहराया कि मोदी का विरोध करने वालों को पाकिस्तान चले जाना चाहिए।
विवादित बयान को लेकर बिहार के देवघर में गिरिराज और नितिन गडकरी व कुछ अन्य नेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। गिरिराज की रैली के दौरान गडकरी भी मंच पर मौजूद थे।
'क्या मोदी आधे गुजरातियों को भी पाकिस्तान भेज देंगे?'
इस बयान पर उपजे सियासी विवाद के बीच कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने पूछा है कि क्या मोदी विधानसभा चुनाव में उन्हें वोट न देने वाले आधे गुजरातियों को भी पाकिस्तान भेज देंगे।
चौतरफा आलोचनाओं और हमलों से असहज भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने रविवार को गिरिराज को आपत्तिजनक बयान देने के लिए बुरी तरह हड़काया।
राजनाथ ने उन्हें अपने बयान पर खेद जताने का निर्देश देने के साथ ही दोबारा इस तरह की बयानबाजी करने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी। लेकिन गिरिराज ने खेद जताने के बजाय अपने रुख पर कायम रहकर पार्टी की मुश्किल और बढ़ा दी है।
राजनाथ सिंह ने झाड़ा पल्ला
माना जा रहा है कि पार्टी उन पर अब सख्त कार्रवाई कर सकती है। मालूम हो कि शनिवार को गिरिराज ने मोदी का विरोध करने वालों को पाकिस्तान परस्त बताते हुए कहा था कि आने वाले दिनों में ऐसे लोगों की जगह पाकिस्तान में होगी।
हालांकि इस आपत्तिजनक बयान से भाजपा ने किनारा करते हुए इसे उनका निजी विचार बताकर पल्ला झाड़ने की कोशिश की है। डेमेज कंट्रोल की कोशिश के तहत राजनाथ सिंह ने कहा कि भाजपा सबको साथ लेकर चलने और न्याय और मानवता की राजनीति में विश्वास करती है।
गिरिराज सिंह बिहार के नवादा से पार्टी उम्मीदवार हैं। कांग्रेस और जदयू ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर इस मामले की शिकायत करते हुए गिरिराज सिंह के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।