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चारा घोटाला: लालू यादव को फौरी राहत

Tue, 23 Jul 2013 11:01 PM IST
नई दिल्ली/ब्यूरो
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चारा घोटाला मामले में सीबीआई की चुप्पी के बावजूद राजद मुखिया लालू प्रसाद के खिलाफ सुनवाई कर रहे ट्रायल जज को बदलने के आग्रह पर सुप्रीम कोर्ट ने सहमति जता दी है।
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बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू के खिलाफ लगे आरोपों पर मुकदमा करने वाली सीबीआई चुप्पी साधे है। वहीं ट्रायल जज की ओर से इस मामले में फैसला सुरक्षित कर लिया गया है।

सर्वोच्च अदालत ने ट्रायल कोर्ट की ओर से फैसला सुनाए जाने पर 9 मई को रोक लगाने का आदेश जारी किया था जिसे अदालत ने जारी रखा है।

जस्टिस पी.सदाशिवम् की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि अदालत इस मामले में हाईकोर्ट को नया जज नियुक्त करने को कहेगी या खुद ऐसा आदेश जारी करेगी। यदि पक्षकारों की ओर से जज के नाम पर यही स्थितियां बनी रहेंगी जो मामले पर सुनवाई कर रहे हैं।
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पीठ ने सुनवाई को 6 अगस्त तक टालते हुए लालू, सीबीआई और जदयू नेता राजीव रंजन के अधिवक्ता से कहा कि एक जज के नाम पर अनुकूल सहमति बनाकर अदालत के समक्ष पेश करें।

खास बात यह है कि सीबीआई ने सर्वोच्च अदालत से 9 जुलाई को कहा था कि वह लालू के खिलाफ आरोपों पर विशेष सीबीआई जज पीके सिंह के पक्षपाती होने के मसले पर अपना पक्ष रखेगी। लेकिन एजेंसी की ओर से कोई जवाब नहीं दाखिल किया गया और अदालत से हलफनामा दाखिल करने के लिए समय मांगा।

वहीं लालू की दलील की खिलाफत करने वाले रंजन की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता रंजीत कुमार ने दलील दी कि ट्रायल जज 2011 से मामले पर सुनवाई कर रहे हैं। लेकिन राजद मुखिया ने इससे पहले 275 दिनों के अंतराल में सुनवाई के दौरान कभी आपत्ति नहीं जारी की।
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हालांकि पीठ ने कहा कि यदि जज के खिलाफ आरोप लगाए गए हैं तो यही सही होगा कि बदलाव कर दिया जाए।
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