मनमोहन सरकार के आखिरी फेरबदल में अपने चुनावी एजेंडे के साथ मंगलवार को तीन कैबिनेट मंत्रियों और दो राज्यमंत्रियों ने अपना कामकाज संभाल लिया।
सुबह ग्यारह बजे ही शीश राम ओला नए श्रम एवं रोजगार मंत्री बन गए। तो ऑस्कर फर्नांडीस ने करीब बारह बजे सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री का कार्यभार संभाल लिया।
दोपहर में गिरिजा व्यास ने आवास और शहरी गरीबी उन्मूलन मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल ली। जबकि माणिक राव एच गावित ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री और ईएमएस नचियप्पन ने भी वाणिज्य राज्यमंत्री का जिम्मा ले लिया।
सभी मंत्रियों ने यूपीए दो के शेष दिनों में कामकाज के बेहतर प्रदर्शन की बात करते हुए अपनी प्राथमिकताएं तय की।
यूपीए के सबसे बुजुर्ग मंत्री शीश राम ओला ने कहा कि कौशल विकास और रोजगार के अवसर बढ़ाना उनकी प्राथमिकता में होगी। उन्होंने बाल मजदूरी पर लगाम कसने के लिए उपाय पेश करने के संकेत दिए।
सड़क परिवहन मंत्री फर्नांडीस ने कहा कि नक्सल प्रभावित और पिछड़े इलाकों में राजमार्गों के विकास पर उनका विशेष जोर रहेगा। साथ ही अधर में लटकी परियोजनाओं को पर्यावरण मंत्रालय से मंजूरी दिलाना भी उनकी प्राथमिकता में रहेगा।
दोपहर के शुभ मुहूर्त में आवास और शहरी गरीबी उन्मूलन मंत्रालय संभालने के लिए गिरिजा व्यास निर्माण भवन पहुंची। उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता रियल एस्टेट (नियमन और विकास) विधेयक और स्ट्रीट वेंडर विधेयक को संसद से पारित कराने की रहेगी।
गावित ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री का कार्यभार संभालने के साथ मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की।
माना जा रहा है कि नए रेल मंत्री के रुप में मल्लिकार्जुन खड़गे बुधवार को अपना कामकाज संभाल सकते हैं।
जबकि नए केंद्रीय वस्त्र मंत्री के रुप में केएस राव समेत संतोष चौधरी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री और जेसूदासू सेलम वित्त राज्यमंत्री की जिम्मेदारी बुधवार को संभालेंगे।