रामलीला मैदान में आज कांग्रेस ने महारैली आयोजित की। इसमें दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश से आए हजारों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। माना जा रहा है कि रैली का मकसद 2014 के लोकसभ चुनावों के लिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं को तैयार करना है। रैली में मंच पर संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन की चेयरपर्सन सोनिया गांधी, प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी, दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस हमेशा किसानों और कामगारों की पार्टी रही है। उन्होंने कहा, 'इस समय सरकार और कांग्रेस पर इल्जाम लगाए जा रहे है। इन आरोपों को परखना होगा।' उन्होंने कहा कि 2009 की हार विपक्ष अभी तक पचा नहीं पाया है। इसलिए विपक्ष जानबूझ कर संसद की कार्रवाही का बाधित कर रह है ताकि जनकल्याण के कानून पारित न हो।
उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार एक कैंसर है और हमने इसका मुकाबला किया है। अब भी जो भ्रष्टाचार के दोषी हैं उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पूरा विपक्ष भ्रष्टाचार में डूबा है। सोनिया गांधी के पहले रैली को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह व कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी ने संबोधित किया।
राहुल गांधी ने अपने संबोधन मे कहा कि मौजूदा व्यवस्था से आम आदमी को परेशान होना पड़ रहा है। लेकिन इसके बाद भी विपक्ष ने कभी इसका मुद्दा नहीं उठाया। उन्होंने सरकार की कई मुद्दों पर पीठ थपथपाई। राहुल ने कहा कि केंद्र सरकार ने इन आठ सालों में बड़े बडे़ काम करके दिखाए हैं।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि इस सरकार ने ही जनता को आरटीआई का कानून दिया। इससे आम आदमी को फायदा मिला। उन्होंने किसानों के कर्ज माफी पर भी सरकार की पीठ थपथपाई। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर भी विपक्ष उनके खिलाफ खड़ा हुआ। फूड सिक्योरिटी बिल के तहत सभी को भरपेट खाना देने की तैयारी भी सरकार कर रही है।
मनमोहन सिंह ने कहा कि सरकार ने आम आदमी के फायदे के लिए सरकार ने काम किए हैं। अपने आठ वर्ष के कार्यकाल में सरकार ने कांग्रेस के आदर्शों को अपनाने की पूरी कोशिश की है। उन्होंने कहा कि पिछले आठ सालों ने देश ने आर्थिक विकास का रिकार्ड बनाया है। तेज आर्थिक विकास हर देश की जरुरत होती है। लेकिन विपक्ष हर मौके पर उनकी खिलाफत करता रहा है। इंफ्रास्ट्रक्चर पर सरकार ने सबसे ज्यादा जोर दिया है।
उन्होंने कहा कि देश की तरक्की ऐसी हो जिसका लाभ सभी को मिल सके। शिक्षा का अधिकार का फायदा आज सभी के सामने हैं। उन्होंने मनरेगा के जरिए मिलने वाली सुविधा का भी जिक्र अपने भाषण में किया। उन्होंने आर्थिक विकास के लिए कुछ कड़े फैसले लेने का भी समर्थन किया।
उन्होंने इस मौके पर देश के सामने पेट्रोल की कमी का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश की कमाई का एक बड़ा हिस्सा दूसरे देशों से तेल आयात करने में चला जाता है। देश को तेल की कमी पूरी करने के लिए दूसरे देशों की तरफ देखना पड़ता है। पीएम ने एफडीआई के मुद्दे पर भी सरकार के फैसले को सही ठहराया। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में इससे किसानों को जबरदस्त फायदा मिलेगा।