इंडियन मुजाहिदीन के आतंकियों ने अहमदाबाद के साबरमती जेल से भागने के लिए 18 फीट लंबी सुरंग एक महिने में खोद डाली। जब इसकी सूचना जेल अधिकारियों को मिली तो उनके होश उड़ गए। एटीएस और क्राइम ब्रांच इस मामले की जांच कर रहा है। जेल सुप्रीटेंडेंट ने घटना की पुष्टि की है।
जेल सुप्रीटेंडेंट ने बताया कि आतंकी एक महीने से सुरंग की खुदाई कर रहे थे। सुरंग वाली जगह पर रेतीली जमीन है इसलिए उन्होंने सुरंग खोदने के लिए लकड़ी का प्रयोग किया था। मामला इससे पहले सामने क्यों नहीं आया और कहां पर लापरवाही हुई इन सबकी जांच एटीएस और क्राइम ब्रांच कर रही है।
सूत्रों के अनुसार, आतंकियों ने दो महिने में 42 फीट सुरंग खोदने की योजना बनाई थी। वे खुदाई का काम रात में किया करते थे। गौरतलब है कि इसी जेल में 2002 में अक्षरधाम मंदिर पर हुए हमले और 2008 में अहमदाबाद में हुए विस्फोट के आरोपी भी बंद हैं।
इससे पूर्व चंडीगढ़ की बुरैल जेल में 21 और 22 जनवरी 2004 को बब्बर खालसा के चार आतंकी जगतार सिंह हवारा, जगतार सिंह तारा, परमजीत सिंह भौरा और इनका एक साथी देवी सिंह सुरंग बनाकर भाग गए थे। उत्तर प्रदेश की मेरठ जेल में भी 2007 में 40 फुट लंबी सुरंग मिली थी, लेकिन बंदी वहां से भागने में सफल नहीं हो सके थे।