बीबीसी में छपी खबर के मुताबिक कोलकाता पुलिस इन दिनों एक ऐसे मामले की जांच कर रही है जिसमे एक महिला को उसके ससुराल वालों ने सिर्फ इसलिए वैश्यालय पहुंचा दिया क्योंकि वो बेटी को जन्म नहीं दे पा रही थी। पीड़िता का कहना है कि उसके ससुराल वालों ने उसे सिर्फ इसलिए वैश्यालय में छोड़ दिया क्योंकि उसने लगातार तीन बेटों को ही जन्म दिया था। हालांकि देह व्यापार के धंधे में उतारे जाने से पहले ही एक गैर सरकारी संगठन ने इस महिला को बचा लिया।
30 वर्षीय इस महिला को शहर के एक वैश्यालय से मुक्त करा लिया गया है और पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। महिला ने बताया कि उसके ससुराल वाले उससे परेशान थे। पीड़िता ने बताया कि उसने लगातार तीन बेटों को जन्म दिया जबकि उनके ससुराल वाले चाहते थे कि वो बेटी को जन्म दे ताकि उसके बड़ा होने पर उसे सेक्स वर्कर बनाया जा सके। पीड़िता ने बताया कि उसके ससुराल का रिवाज है कि वहां पर बेटियों को सेक्स वर्कर के रुप में काम करना पड़ता है।
कोलकाता के सोनगाची जिले में एशिया का सबसे बड़ा वैश्यालय है। यहां पर करीब 10,000 वैश्याएं हर रोज अपने जिस्म का सौदा करती हैं। अपने जिस्म का सौदा करने वाली ज्यादातर वैश्याएं उत्तर और मध्य भारत की हैं। पुलिस का कहना है कि महिला के आरोपों के आधार पर उसके ससुराल में घर पर छापा मारा था लेकिन उन्हें वहां पर कोई नहीं मिला।