रिटर्न दाखिल करने में फर्जीवाड़े के मामले सामने आने के बाद आयकर विभाग अब सर्विस क्लास (नौकरी पेशा) के रिटर्न की भी स्क्रूटनी करेगा। अभी तक व्यावसायिक वर्ग ही इस कार्रवाई के दायरे में था।
आयकर विभाग के अफसरों की मानें तो इस मुद्दे पर बोर्ड स्तर पर मंथन हो रहा है। 31 जुलाई यानी सर्विस क्लास के रिटर्न दाखिल करने के पूर्व इस संबंध में आदेश जारी किए जाने की तैयारी है।
आयकर विभाग में सॉफ्टवेयर के जरिये रिटर्न की स्क्रूटनी के मामले छांटे जाते हैं। इसमें कंप्यूटर अपने हिसाब से उन रिटर्न को अलग कर देता है और कर निर्धारण अधिकारी उसमें दिए गए ब्यौरे की तह में जाकर पड़ताल करता है।
मौजूदा व्यवस्था में यह कार्रवाई कंपनी, फर्मों आदि के मामलों में ही होती थी। वेतनभोगी वर्ग इससे मुक्त था। विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक हाल ही में देश भर से ऐसे तमाम मामले बोर्ड के सामने आए हैं, जिनमें चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी से लेकर प्रथम श्रेणी के अधिकारियों तक ने अपनी आय से जुड़े तथ्य गलत पेश करके टीडीएस कटौती की राशि के बड़े हिस्से को रिफंड क्लेम कर लिया।