जंगल व जमीन पर ग्रामीण और आदिवासियों के हक के लिए संघर्षरत पीवी राजगोपाल ने केंद्र सरकार से छह महीने के अंदर भूमिहीनों को अधिकार और आवास देने की प्रक्रिया शुरू करने की मांग की है। वह शुक्रवार को गांधी शांति प्रतिष्ठान में एक बैठक के दौरान बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि जन सत्याग्रह आगरा में लोकनायक जयप्रकाश नारायण की पुण्यतिथि के दिन समाप्त हुआ था। उस दिन केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने भूमिहीनों को अधिकार देने सहित 10 मांगों पर लिखित समझौता किया था। अब सबसे बड़ी चुनौती उस समझौते को क्रियान्वित कराना है इसके लिए जनता को एकजुट होना होगा।
उन्होंने बताया कि इस समझौते के बाद आवासहीनों को अधिकार देने, राष्ट्रीय भूमि सुधार नीति की घोषणा करने और एक समयबद्ध योजना बनाने के मुद्दे पर एक टास्क फोर्स का गठन को अंतिम रूप दिया गया है। भूमिहीनों और आवासहीनों को उनका अधिकार मिलना निश्चित ही एक बहुत बड़ी जीत होगी। पूरे देश में 22 करोड़ लोग भूमिहीन हैं।