भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के 11 जुलाई को कानपुर आगमन से पहले ही शहर के कई हिस्सों में लगे होर्डिंगों से हंगामा मच गया है। इन होर्डिंगों में अमित शाह को धनुष-बाण चलाते हुए दिखाया गया है। इसके अलावा कई होर्डिंगों में शेर के साथ दिखाया गया है।
इन होर्डिंगों से पार्टी में बवाल मचा है। प्रदेश अध्यक्ष डा. लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि जिस होर्डिंग में राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को धनुषबाण लिए मुद्रा में दिखाया गया है, यह पूरी तरह से अक्षम्य है। जिस भी पार्टी कार्यकर्ता ने ऐसा किया है, उसका पता लगाकर पार्टी से निलंबित किया जाएगा। पार्टी में किसी भी तरह की अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के आगमन पर भाजपाइयों ने उनके स्वागत में शहर के सभी छोर से लेकर हर जगह होर्डिंग लगा रखी है। इसमें हर नेता अपने अपने समर्थकों के चित्र के साथ अमित शाह का बड़ा सा चित्र लगाया है।
इसमें लिखा है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष का हम कानपुर आगमन पर स्वागत करते हैं। यहां तक कि कोकाकोला चौराहा, जहां पर अमित शाह आकर समीक्षा बैठक करेंगे, उस रूट पर भी जमकर होर्डिंग बैनर लगाए गए हैं। इसमें विधायक, सांसद और पदाधिकारी सभी के चित्र शामिल हैं।
संजय जोशी ने फिर लगाए अपने होर्डिंग
इससे पहले भाजपा की गुटबाजी और खींचतान सड़क पर आ गई। पूर्व भाजपा नेता और मोदी खेमे के विरोधी माने जाने वाले संजय जोशी के चित्र वाले बैनर-होर्डिंग सुबह शहर के तमाम जगहों पर टंगे मिलने से हड़कंप मच गया।
जैसे ही भाजपाइयों को इन बैनर-होर्डिंग के बारे जानकारी मिली, दौड़-दौड़ कर उन्हें हटाया गया। लेकिन, तब तक सोशल मीडिया के जरिए संजय जोशी के बैनर-होर्डिंग वायरल हो गए। देर शाम तक भाजपा की राष्ट्रीय इकाई के पदाधिकारी स्थानीय पदाधिकारियों को फोन करके इस मसले की जानकारी लेते रहे।
भाजपा की क्षेत्रीय और महानगर इकाई ने युवा कार्यकर्ताओं की एक ऐसी टीम गठित की है, जो शहर भर में घूम घूमकर यह पता लगाने में जुटी है कि संजय जोशी की कोई और होर्डिंग, बैनर तो नहीं लगी हैं।
कुछ दिनों पहले दिल्ली में पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, सुषमा स्वराज के घर के सामने संजय जोशी के जो बैनर लगाए गए थे, उसी भाषा के बैनर-होर्डिंग यहां बड़ा चौराहा, घंटाघर समेत कई इलाकों में गुरुवार सुबह लगे दिखे। बैनर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह के साथ संजय जोशी का बड़ा सा चित्र है।
इस बैनर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाना बनाते हुए कई बातें लिखी हैं। कश्मीर में मुसलमानों का साथ देने की बात पर मजाक उड़ाया गया है। इसी तरह मोदी के मन की बात को भी बैनर में लिखा गया है।
होर्डिंगों से डॉ. मुरली मनोहर जोशी गायब
इसके अलावा होर्डिंगों को लेकर एक और विवाद चल रहा है। तमाम क्षेत्रीय नेताओं ने अमित शाह की होर्डिंगों पर अपनी फोटो और नाम तो चस्पा करवा लिया है लेकिन उन पर शहर से सांसद डॉ. मुरली मनोहर जोशी और प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत वाजपेयी का चित्र नहीं है। इस पर भी दिनभर चखचख मची रही।
मंत्रियों, सांसदों के लिए 40 एसी कारें
अमित शाह की 11 जुलाई को होने वाली बैठक में शामिल होने आ रहे कई केंद्रीय मंत्रियों, सांसदों ओर प्रदेश के पार्टी विधायकों को सेंट्रल स्टेशन से उनके ठहरने और बैठक स्थल तक लाने ले जाने के लिए 40 एसी कारों की व्यवस्था की गई है। यह सभी कारें किराए की नहीं बल्कि पार्टी कार्यकर्ताओं की हैं। यही कार्यकर्ता इन कारों में ड्राइविंग की जिम्मेदारी भी संभालेंगे।
शुक्रवार को इन कारों की परेड मुख्य कार्यक्रम स्थल कोकाकोला चौराहे पर कराई जाएगी। आयोजन में ट्रैफिक व्यवस्था का काम देख रहे दिवाकर मिश्र और उनकी टीम के सदस्यों ने बताया कि जो प्रमुख लोग बैठक में आएंगे उनकी पार्किग कार्यक्रम स्थल के पास होगी, बाकी के वाहन मोतीझील में खड़े किए जाएंगे।
अमित शाह का मिनट टू मिनट कार्यक्रम
शनिवार को सुबह 8.30 बजे लखनऊ से कार से कानपुर के लिए रवाना होंगे।
सुबह 10 बजे जाजमऊ पुल पहुंचेंगे, जहां पर पार्टी कार्यकर्ता उनका स्वागत करेंगे
सुबह 10.15 पर जाजमऊ पुल से रवाना होंगे
सुबह 10.45 पर वह मुख्य कार्यक्रम स्थल कोकाकोला चौराहा पहुंचेंगे।