चीन ने कहा है कि वह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत के स्थायी सदस्यता के दावे का विरोध नहीं कर रहा है और उसकी ऐसी कोई नीति भी नहीं है।
सीपीसी के सेंट्रल पार्टी स्कूल के पूर्व उप प्रमुख ली जुनरू ने कहा कि सुरक्षा परिषद में सुधार बेहद महत्वपूर्ण हैं। इसमें विकासशील देशों का ज्यादा प्रतिनिधित्व होना चाहिए। हम संयुक्त राष्ट्र में भारत की अधिक सकारात्मक और सक्रिय भूमिका का स्वागत करते हैं। उन्होंने कहा कि चीन अपने पड़ोसी मुल्क को एक साझीदार के तौर पर देखता है। चीन में एक कहावत भी है कि एक पड़ोसी दूर रहने वाले रिश्तेदार से कहीं बेहतर होता है।
ली दिल्ली में एक कार्यक्रम में शिरकत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि भले ही पिछले वक्त में कुछ दुर्भाग्यपूर्ण घटनाएं हुई हैं, लेकिन हमें यकीन है कि हम भारत-चीन संबंधों के इतिहास में एक नया पन्ना जोड़ेंगे। चीन और भारत का पिछले 2000 सालों से दोस्ताना संबंधों का इतिहास रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत का तेज विकास चीन के लिए भी अच्छा है।