देश की एडिशनल सॉलिसिटर जनरल इंदिरा जयसिंह ने सोमवार को कहा कि मैं कुछ जजों को जानती हूं, जिन्होंने अपने मुख्य न्यायाधीशों को यह कहा है कि सभी महिला कर्मचारियों को हटा दें और किसी भी महिला इंटर्न को ना रखे।
जयसिंह ने यह बात संयुक्त राष्ट्र द्वारा आयोजित महिलाओं के खिलाफ हिंसा बंद के अंतरराष्ट्रीय दिवस पर तीन मूर्ति भवन में कही।
अपने 30 मिनट के भाषण में जयसिंह ने 16 दिसंबर के दिल्ली गैंगरेप की घटना के बाद कानून में हुए बदलावों, सुप्रीम कोर्ट के एक जज पर यौन उत्पीड़न के आरोप और एक वरिष्ठ पत्रकार पर लगे आरोपों के संदर्भ में यह बातें कहीं।
जब नियोक्ता की जिम्मेदारी को लेकर सवाल पूछा गया तो जयसिंह ने कहा कि हमें यह पता लगाने की जरूरत है कि वह कौन से संस्थान हैं जहां पर कार्यस्थल यौन उत्पीड़न अधिनियम का पालन नहीं किया जाता है।
जयसिंह ने आगे कहा कि हमारी कानूनी व्यवस्था में बदलाव की जरूरत है, जिसमें इस तरीके की महिलाओं को ना केवल समर्थन मिले बल्कि उसको सही समय पर उचित न्याय मिले।