कोल ब्लॉक घोटाला मामले की ताजा एफआईआर दायर करने के बाद हुई छापेमारी में सीबीआई ने बिड़ला समूह की कंपनी हिंडाल्को इंडस्ट्रीज के दिल्ली दफ्तर से 25 करोड़ रुपये नकद बरामद किए हैं।
छापेमारी के दौरान हिंडाल्को के अधिकारी सीबीआई को यह नहीं बता पाए कि कंपनी के दफ्तर में इतनी बड़ी नकद रकम रखने का क्या मकसद था। एजेंसी ने यह रकम आयकर विभाग के सुपुर्द कर दी है। आगे की जांच आयकर विभाग करेगा।
सीबीआई ने इस एफआईआर में आदित्य बिड़ला ग्रुप के चेयरमैन कुमार मंगलम बिड़ला, ग्रुप की फ्लैगशिप कंपनी हिंडाल्को और पूर्व कोयला सचिव पीसी पारिख को आपराधिक साजिश और भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत आरोपी बनाया है।
सीबीआई प्रवक्ता कंचन प्रसाद ने बताया कि बुधवार को इस मामले में कोई छापेमारी नहीं की गई है। मंगलवार की पांच ठिकानों पर हुई छापेमारी में कई अहम दस्तावेज और 25 करोड़ रुपए बरामद हुए। लेकिन सीबीआई ने इस रकम को अपनी केस प्रॉपर्टी नहीं बना उसे आयकर विभाग को सौंप दिया।
सीबीआई सूत्रों के मुताबिक हिंडाल्को के मुंबई स्थित कॉरपोरेट ऑफिस से कई ऐसे दस्तावेज बरामद हुए हैं जिसका जवाब देना कंपनी के लिए मुश्किल हो सकता है।