फैजाबाद दंगे में नाकामी को देखते हुए राज्य सरकार ने मंगलवार को प्रदेश के अपर पुलिस महानिदेशक कानून-व्यवस्था जगमोहन यादव के साथ ही फैजाबाद के डीएम दीपक अग्रवाल व एसएसपी रमित शर्मा को तत्काल प्रभाव से हटा दिया है।
विशेष सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अजय कुमार शुक्ला अब फैजाबाद के नए डीएम होंगे, जबकि बलरामपुर के एसएसपी धर्मेंद्र सिंह को फैजाबाद का एसएसपी बनाया गया है। देर शाम तक नए एडीजी कानून-व्यवस्था की तैनाती नहीं हो सकी थी। तबादलों के इस क्रम में बलरामपुर, जौनपुर और बदायूं के पुलिस कप्तान भी बदल दिए गए हैं।
उधर, मंगलवार को एक बार फिर फैजाबाद का मिजाज गर्म हो गया। बीते दिनों हुए बवाल के सिलसिले में पुलिस ने छापेमारी करके कुछ लोगों को हिरासत में लिया तो शहर में फिर से कर्फ्यू लगने की अफवाह उड़ी और चौक इलाके में लोगों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं। कई स्कूलों ने भी अपने यहां छुट्टी करके बच्चों को घर भेज दिया।
विरोध के चलते बैकफुट पर आई पुलिस ने हिरासत में लिये गये चार लोगों को छोड़ दिया। जिला मजिस्ट्रेट दीपक अग्रवाल ने घटना की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश देते हुए एडीएम सिटी को जांच अधिकारी बनाया है और उन्हें एक सप्ताह में रिपोर्ट देने को कहा है। वहीं एसएसपी रमित शर्मा ने चौकी प्रभारी चौक को उनके पद से हटा पुलिस कार्यालय से संबद्ध कर दिया है।
बताया गया कि विगत दिनों हुए बवाल के मामले में आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए भारी पुलिस बल के साथ एसपी सिटी व सीओ सिटी के नेतृत्व में छापामारी अभियान चलाया गया था। अभियान के तहत पीस पार्टी से नगर पालिका चेयरमैन पद का चुनाव लड़ चुके मो. तौहीद समेत आठ को हिरासत में लिया गया था। मंगलवार की सुबह पुलिस कार्रवाई की खबर पर समुदाय विशेष के लोग चौक के पास एकत्र हो गये।
आरोप रहा कि पुलिस ने ठठरैया स्थित एक धर्मस्थल समेत कई घरों में तोड़फोड़ की और परिजनों की पिटाई की। विरोध में सियासी तड़का लगने के बाद प्रशासन बैकफुट पर आ गया। मौके पर पहुंचे डीएम व एसएसपी ने धर्मस्थल में ही समुदाय के लोगों के साथ बैठक की और गुस्सा शांत कराने के लिए छापोमारी में शामिल अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई, प्रकरण की मजिस्ट्रेटी जांच व पकड़े गये लोगों को छोड़े जाने आश्वासन दिया। इसके बाद पकड़े गये युवकों को छुड़ाने के लिए लोगों ने सपा कार्यालय पर भी प्रदर्शन किया। हालात के मद्देनजर बैकफुट पर आयी पुलिस ने हिरासत में लिये गये चार लोगों को छोड़ दिया ।
उधर शहर में फिर से कर्फ्यू लगाये जाने की अफवाह रही। चौक के आस-पास की कई दुकानें बंद हो गईं। आशंकाओं के मद्देनजर कई स्कूल संचालकों ने छुट्टी की घोषणा कर दी। सपा के बीकापुर विधायक मित्रसेन यादव समेत पीस पार्टी के नुसरत कुद्दसी व अन्य नेताओं ने भी दौरा कर जायजा लिया। पुलिस कार्यालय की ओर से बताया गया कि छापेमारी में पकड़े गये ठठरइया निवासी जीशान पुत्र याहिया खान का शांति भंग समेत टकसाल निवासी पीस पार्टी नेता मो. तौहीद खान पुत्र नूर मोहम्मद व अब्दुल लतीफ पुत्र अब्दुल हई व वाहिद पुत्र सईद अहमद तथा अंगूरीबाग निवासी बिलाल अहमद पुत्र मो. शामी का हमले व अन्य धाराओं में चालान किया जा रहा है।