क्या एक जलेबी का वजन 70 किलोग्राम और घेरा (परिधि) 11 फीट हो सकता है। सुनने में ऐसा मुमकिन नहीं लगता लेकिन यूपी के महराजगंज में कोठीभार क्षेत्र के नौजवानों की एक टीम ने इसे मुमकिन कर दिखाया।
बृहस्पतिवार को जब हर तरफ गणेश चतुर्थी और विश्वकर्मा पूजा के कार्यक्रम चल रहे थे, युवाओं की एक टोली दुनिया की सबसे बड़ी जलेबी के साथ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने में जुटी थी।
अपने और इलाके के नाम को दूर तक ले जाने के उद्देश्य से कटहरी के रहने वाले मनीष कुमार प्रजापति ने इसकी पहल की। गोरखपुर विश्वविद्यालय से कला में एमए के बाद शोध कर रहे मनीष के साथ उन जैसे नजरिए के नौ और लोगों की टीम जुटी।
लिम्का बुक में दर्ज है 18 किलो की जलेबी
निचलौल के एसडीएम जितेंद्र कुमार कुशवाहा और थानेदार विक्रम सिंह की मौजूदगी में सबसे बड़ी जलेबी तामीर करने की कवायद शुरू हुई तो आसपास के लोग भी इक्ट्ठा हो गए।
साढ़े चार घंटे का वक्त लगाकर यह टीम अपने मकसद में कामयाब हो गई। तैयार जलेबी की नापजोख हुई तो परिधि 11 फीट और वजन 70.500 किलोग्राम निकला।
लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में 18 किलोग्राम और नौ फीट परिधि की जलेबी सबसे बड़ी जलेबी के तौर पर दर्ज है, जिसे मशहूर शेफ संजीव कपूर की देखरेख में 12 लोगों की टीम ने 3.53 घंटे में मुंबई के संस्कृति फूड रेस्त्रां में तैयार किया था।
25 किलोग्राम मैदा का हुआ इस्तेमाल
मनीष ने बताया कि अपने काम की शुमार वर्ल्ड रिकॉर्ड के तौर पर कराने के लिए लिम्का बुक और गिनीज बुक की टीम से संपर्क किया जा रहा है। उनकी टीम में रामेश्वर प्रजापति, डा. सुनील कुमार, डा. अनिल कुमार, उमेश कुमार, बैजनाथ गुप्ता, विवेक प्रजापति, सुनील शर्मा, रविकांत प्रजापति और चित्रसेन शामिल रहे।
सबसे बड़ी जलेबी बनाने के लिए 12 फीट 4 इंच की परिधि वाली कढ़ाही और साढे़ तीन क्विंटल चीनी, 550 लीटर रिफाइंड ऑयल, 25 किलोग्राम मैदा का इस्तेमाल हुआ।
आप भी देखिए जलेबी बनने का वीडियो--