हाल ही में आरआरएस से भाजपा भेजे गए और फिलहाल संगठन में महासचिव पद की जिम्मेदारी संभाल रहे राम माधव राज्यसभा सदस्य के रूप में नई पारी की शुरुआत कर सकते हैं।
वरिष्ठ नेता लालजी टंडन की दावेदारी के बीच पार्टी नेतृत्व ने उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के द्विवार्षिक चुनाव में राम माधव केनाम पर भी गंभीर मंथन किया है।
पार्टी नेतृत्व अगले हफ्ते टंडन या राम माधव में से किसी एक नाम पर अंतिम मुहर लगा देगा। टंडन तत्कालीन पार्टी अध्यक्ष और गृह मंत्री राजनाथ सिंह के लिए लखनऊ संसदीय क्षेत्र छोड़ने की बात कर राज्यसभा के लिए अपनी दावेदारी ठोक रहे हैं।
मगर पार्टी नेतृत्व राममाधव के नाम पर भी गंभीरता से विचार कर रहा है। सूत्रों का कहना है कि चूंकि राजनाथ के लिए सीट छोड़ने केएवज में टंडन के पुत्र को विधानसभा उपचुनाव का टिकट दिया जा चुका है।
राज्यपाल के लिए भी अभी कई वरिष्ठ नेताओं के नाम पर विचार होना है। ऐसे में राज्यसभा के लिए राम माधव की दावेदारी मजबूत हो सकती है।