जदयू से लगातार तल्ख होते संबंधों के बावजूद भाजपा नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता के सहारे उत्तर प्रदेश में भी लोकसभा की सीटें बढ़ाने का दांव चलेगी।
मोदी के सहारे यूपी में नैया पार लगाने की आस लगाए भाजपा मई के पहले सप्ताह से ‘भाजपा लाओ, देश बचाओ’ नारे के साथ मैदान में कूदने जा रही है।
पार्टी गांव-गांव, घर-घर जाकर मतदाताओं से भी रूबरू होगी। इसके साथ ही भाजपा लोकसभा चुनाव के लिए प्रत्याशी भी तलाशने में जुट गई है।
दिल्ली की कुर्सी पाने के लिए भाजपा की यूपी पर ज्यादा उम्मीदें टिकी हैं क्योंकि यूपी 80 सांसद लोकसभा में भेजता है।
इसलिए पार्टी राज्य में कोई भी कसर नहीं छोड़ने जा रही है और मोदी की लोकप्रियता का भी लाभ उठाने की रणनीति तैयार कर रही है।
प्रदेश भाजपा की कोर कमेटी की मंगलवार को दिल्ली में हुई बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने भी मोदी का अप्रत्यक्ष तौर पर जिक्र कर कहा कि पार्टी में लोकप्रिय नेताओं की कमी नहीं है और सभी को मिलकर उत्तर प्रदेश से ज्यादा से ज्यादा सांसद लोकसभा भेजने का प्रयास करना होगा।
बैठक में प्रदेश के चुनाव प्रबंधन को लेकर विचार मंथन किया गया। पार्टी के तालकटोरा महाधिवेशन में घोषित ‘गांव-गांव, घर-घर चलो’ अभियान मई के पहले सप्ताह से यूपी में शुरू होगा। इसमें भाजपा के बड़े नेता भी व्यापक स्तर पर मैदान में उतरेंगे। मोदी को भी इस अभियान में उतारने पर सोचा जा रहा है।
आगामी चार मई को लखनऊ में होने वाली बैठक में इस बारे में फैसला हो जाएगा। वास्तव में भाजपा इस अभियान के जरिये यूपी में चुनावी बिगुल बजाने जा रही है। इसके साथ ही प्रदेश के लिए प्रत्याशी चयन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी जाएगी।
यह काम लखनऊ में ही होगा। इसके लिए विभिन्न स्तरों से फीडबैक मंगाया जा रहा है। बैठक में संगठन महामंत्री रामलाल, उपाध्यक्ष मुख्तार अब्बास नकवी, महासचिव वरुण गांधी, प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत वाजपेयी, कलराज मिश्र आदि नेता शामिल हुए।