गुजरात के चुनावी माहौल के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर राफ्ता-राफ्ता तेज होता जा रहा है। एक-दूसरे पर अंगुली उठाने की इस होड़ में शनिवार को गुजरात की राज्यपाल कमला बेनीवाल भी घोटाले के साये में आ गई हैं।
उनके ऊपर जयपुर में 1000 करोड़ रुपये के भूमि घोटाले का आरोप लगा है। घोटाले का आरोप जड़ते हुए गुजरात सरकार के प्रवक्ता जय नारायण व्यास ने राज्यपाल से इस्तीफे की मांग भी कर डाली है। वैसे यह मामला गुजरात और राजस्थान में इस साल की शुरुआत में भी उठा था। बेनीवाल ने उसी समय इन आरोपों का खंडन कर दिया था।
भाजपा के राष्ट्रीय मंत्री किरीट सोमैया ने भी शुक्रवार को राजकोट में आरोप लगाया था कि कमला बेनीवाल ने राजस्थान में मंत्री रहते वहां के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ मिलकर जयपुर के नजदीक एक हजार करोड़ रुपये का घोटाला किया। हालांकि सोमैया छह महीना पहले जयपुर में भी इस मुद्दे को उठा चुके हैं।
उन्होंने आरोप लगाया था कि पिछली सरकार के समय गहलोत, तत्कालीन सहकारिता मंत्री परसादी लाल मीणा और बेनीवाल ने मिलीभगत कर किसान सामूहिक कृषि सहकारी समिति के नाम पर संयुक्त खेती के लिए सस्ती दरों पर करीब 209 वाणिज्यिक व आवासीय प्लॉट जितनी जमीन आवंटित करवा ली। जबकि उसकी बाजार में कीमत 1000 करोड़ रुपये थी। बेनीवाल उस समय इस समिति की सदस्य भी थीं। जानकारों का मानना है कि नया मुद्दा नहीं होने के कारण इन आरोपों से कांग्रेस को कोई नुकसान नहीं होनेवाला।