अमेरिका में फेसबुक के एक कार्यक्रम के दौरान अपनी मां का जिक्र आने से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भावुक होने पर भाजपा कांग्रेस में वार-पलटवार शुरू हो गया है।
कांग्रेस ने जहां पीएम के भावुक होने को नाटक करार दिया, वहीं कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार करते हुए भाजपा ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी पर तीखा निशाना साधा।
कांग्रेस को निजी टिप्पणी पर शर्म करने की सलाह देते हुए पार्टी ने कहा कि पीएम मोदी एक समर्पित पुत्र हैं, जिन्होंने चुनावी जीत के बाद अब भी एक छोटी से कुटिया में रहने वाली अपनी मां के पांव छुए।
दूसरी ओर 20 महलों में रहने वाली कांग्रेस की मां हैं, जिन्होंने पुत्र मोह में पार्टी को बर्बाद कर दिया और अब देश को बर्बाद करने की कोशिश में जुटी हैं।
भाजपा का पलटवार, सोनिया ने पुत्रमोह में पार्टी को किया बर्बाद
पार्टी प्रवक्ता एमजे अकबर ने कहा कि असत्य बोलने के साथ द्वेष और निराशा की शिकार कांग्रेस ने अपनी इन्हीं नकारात्मक नीतियों के कारण राहुल गांधी को राजनीति का बिगड़ैल बच्चा बना दिया।
कहा कि यह बेहद शर्म की बात है कि कांग्रेस पवित्र रिश्तों पर भी आक्षेप करने से बाज नहीं आ रही। चुनाव में 440 से 44 पर पहुंचने वाली कांग्रेस निराशा की शिकार हो गई है।
कांग्रेस का वार, मोदी नाटकबाज
इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी के भावुक होने को कांग्रेस ने नाटक करार दिया। कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने कहा कि नरेंद्र मोदी इतने गरीब भी नहीं थे कि उनकी मां को किसी के घर जाकर बर्तन साफ करना पड़े। बड़े दुख की बात है कि यह झूठ है।
वह अपनी मां का अपमान कर रहे हैं। उन्होंने अपने शपथ ग्रहण कार्यक्रम के दौरान अपनी मां को नहीं बुलाया। इसलिए विदेश जाकर रोने की बजाय उन्हें एक जिम्मेदार बेटा बनना चाहिए। शर्मा ने कहा कि मैंने पूरी मालुमात की है, मोदी के पिता इतने गरीब भी नहीं थे।
शर्मा ने आगे कहा, अब तो पुत्र बड़ी जगह पर है, शक्तिशाली प्रधानमंत्री हैं, बडे़ देश के पीएम, बारह बरस मुख्यमंत्री रहे तो जिस मां ने इतनी तपस्या की हो तो हमारे संस्कार क्या कहते हैं।
पुत्र का क्या कर्तव्य है। प्रधानमंत्री जी पुत्र का कर्तव्य पूरा करें। शर्मा ने सवाल उठाया कि नरेंद्र मोदी बारह साल गुजरात के मुख्यमंत्री रहे। अहमदाबाद शहर में ही रहते हुए आपने पास नहीं रखा। शर्मा ने कहा कि पत्रकारों को पता लगाना चाहिए कि मोदी आखिर कहां चाय बेचते थे।