केंद्र सरकार के राष्ट्रीय स्वच्छता कार्यक्रम पर नगर विकास मंत्री आजम खान ने तंज कसा। उन्होंने कहा कि झाड़ू बनाने वाली कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए अभियान शुरू किया गया है। एक-एक झाड़ू दस-दस हजार रुपये में खरीदी गई है।
झाड़ू थाम लेने भर से गंदगी नहीं हटेगी। गंदगी हटाने के लिए मजबूत इरादे और कड़ा कानून होना चाहिए।
आजम गुरुवार को बी अम्मा पार्क के सौंदर्यीकरण के शिलान्यास के बाद मीडिया से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि गंदगी को दूर करने के लिए अनुशासन और कानून होना चाहिए।
एक-दूसरे को नजरअंदाज कर गए नकवी-नैपाल
भाजपा में गुटबाजी थमने का नाम नहीं ले रही है। रामपुर में आमने-सामने आने के बाद भले ही कार्यकर्ता एक-दूसरे के जिंदाबाद के नारे लगा रहे हों, लेकिन भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी और सांसद डा. नैपाल सिंह ने एक-दूसरे को नजरअंदाज कर दिया। हालांकि दोनों ही नेता गुटबाजी के सवाल को टालते दिखे।
भाजपा में गुटबाजी यूं तो काफी समय से चल रही है। पिछले कुछ समय से और बढ़ गई है। अगस्त माह में सांसद डा.नैपाल सिंह और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुख्तार अब्बास नकवी के दो अलग-अलग कार्यक्रम हुए। इन कार्यक्रमों में भी गुटबाजी सामने निकलकर आई थी। राष्ट्रीय स्वच्छता कार्यक्रम के तहत स्टेशन पर झाड़ू लगाने का कार्यक्रम भी केंद्र सरकार के अलावा भाजपा का अपना कार्यक्रम भी रहा। इसके लिए दोनों ने लगभग एक ही समय चुना था।
गुरुवार को भाजपा की खेमेबंदी उस वक्त साफ नजर आई जब यहां पहले सांसद डा. नैपाल सिंह सफाई करने पहुंचे और फिर यहां पौधरोपण कर रह रहे थे। इस बीच भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अपने समर्थकों के साथ रेलवे स्टेशन पर पहुंच गए। सांसद और नकवी समर्थक आमने-सामने थे। एक-दूसरे को ताकत का अहसास कराने की कोशिश की जा रही थी। नकवी स्टेशन परिसर की ओर चले, जबकि नैपाल अपनी गाड़ी में सवार होने के लिए। दोनों ने एक-दूसरे को नजरअंदाज किया. ऐसा लगा कि सामने कोई आया ही नहीं।
खराब हो सकता है सांसद का स्वास्थ्य : नकवी
भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुख्तार अब्बास नकवी ने सांसद के साथ न आने के सवाल को टाल दिया। उन्होंने सिर्फ इतना कहा कि हो सकता है उनका स्वास्थ्य खराब हो, जिस वजह से वह जल्द आकर चले गए हों।
मैं ठीक हूं, जल्द बैठेंगे साथ : नैपाल
सांसद डा. नैपाल सिंह ने भाजपा उपाध्यक्ष मुख्तार अब्बास नकवी के स्वास्थ्य खराब होने के बयान पर कहा कि वह पूरी तरह ठीक हैं और भाजपा में कोई भी गुटबाजी नहीं है। नकवी का कार्यक्रम राष्ट्रीय उपाध्यक्ष होने के नाते था, जबकि उनका कार्यक्रम सांसद होने के नाते था। कौन किस समय पर आकर कार्यक्रम करके गया इससे क्या फर्क पड़ता है। कहा कि वह जल्द ही एक दूसरे के साथ बैठेंगे।