शादी के बाद अपने परिजनों से उपहार के रूप में गहनों के बदले टॉयलेट की मांग करने वाली महाराष्ट्र की महिला को 10 लाख रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा।
सुलभ इंटरनेशनल ने अकोला के अंदूरा गांव की चैताली गलाखे को यह पुरस्कार देने का फैसला किया है। संगठन के मेंटर बिंदेश्वर पाठक ने चैताली को महान प्रेरक करार देते हुए स्वच्छता का संदेशवाहक बताया।
स्वच्छता अभियान से प्रभावित होकर चैताली ने परिजनों से शादी के उपहार स्वरूप स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए टॉयलेट की मांग की थी। चेताली की शादी 15 मई को यवतमाल जिले के देवेंद्र मकोडे से हुई थी।