एनडीएफबी (एस) गुट के खिलाफ चल रहा सैन्य अभियान तेज हो गया है और इसे कोकराझार में भी शुरू किया गया है।
आईजी पुलिस एलआर बिश्नोई ने बताया कि 4500 अतिरिक्त जवानों के साथ जंगल युद्ध में प्रशिक्षित सीआरपीएफ के कोबरा कमांडो भी अभियान में शामिल हो गए हैं। सोनितपुर और कोकराझार में उग्रवादियों के संदिग्ध ठिकानों पर कॉम्बिंग ऑपरेशन चलाया जा रहा है। ज्यादातर इलाकों में कमांडो दल पहुंच चुके हैं।
राज्य की खुफिया एंजेसियों को पहले से थी जानकारी
राज्य की खुफिया एंजेसियों को एनडीएफबी के चार नेताओं के टेलीफोन वार्तालाप इंटरसेप्ट करने से पता चल गया था कि मंगलवार को वारदात होने वाली है। सोनितपुर की पुलिस सुप्रीटेंडेट संयोगिता प्रासर ने इसकी पुष्टि की है।
उनका कहना है कि उनके पास यह संदेश 23 तारीख को दोपहर तीन बजे आया था, जबकि 4.30 बजे से गोलीबारी शुरू हो गई थी। इतने कम समय में इतने बड़े इलाके की सुरक्षा व्यवस्था में ज्यादा बढ़ोतरी संभव नहीं थी।
हालात खराब, पलायन जारी
दूसरी ओर हिंसा के बाद पलायन करने वालों की संख्या बढ़कर 75,000 हो गई है। इलाके में सैकड़ों राहत शिविर खोले गए हैं, लेकिन इनमें बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी को सिर्फ एक प्लास्टिक की पतली चादर पर सोना पड़ रहा है। यहां रहने वाले कई लोगों का आरोप है कि खाने की सामग्री को लेकर उन्हें सरकार की तरफ से अभी तक कोई मदद नहीं मिली है।