जन लोकपाल को पारित कराने की मांग पर अड़े सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे का अनशन दूसरे दिन बुधवार को भी जारी रहा।
महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले में अपने गांव में सर्दी के बीच वह अपने समर्थकों के साथ यादवबाबा मंदिर के पास भूख हड़ताल पर बैठे हैं।
अन्ना हजारे ने यह भी कहा है कि अगर उनका अनशन जबरन खत्म कराने की कोशिश की गई, तो वह जल भी त्याग देंगे।
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उनके सहयोगी सुरेश पठारे ने बताया कि अन्ना का ब्लड प्रेशर सामान्य से ज्यादा था और उनका वजन भी 0.9 किग्रा कम हो गया है।
हालांकि कार्मिक राज्य मंत्री वी नारायणसामी ने एक दिन पहले कहा था कि सरकार बिल को मौजूदा सत्र में लाने पर काफी गंभीर है और इस संबंध में राज्य सभा अध्यक्ष को नोटिस भी दिया जा चुका है।
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गांधीवादी सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने लोगों से अपने-अपने स्थान से ही आंदोलन करने को कहा है। उन्होंने कहा, ‘भीड़ जमा करना हमारा लक्ष्य नहीं है।’
यह पूछने पर कि क्या अरविंद केजरीवाल के इस आंदोलन में शामिल नहीं होने से लोगों की संख्या कम है, उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है। केजरीवाल ने हम से कोई संपर्क नहीं किया है और न ही आंदोलन को किसी तरह का समर्थन दिया है।