मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि दो से तीन साल के अंदर प्रदेश से बिजली संकट समाप्त कर दिया जाएगा। मंगलवार को यहां कन्या विद्याधन एवं बेरोजगारी भत्ता वितरण के लिए आए मुख्यमंत्री ने मानिकपुर को तहसील का दर्जा दिए जाने की घोषणा की।
उन्होंने राजकीय हवाई पट्टी और वीवीआईपी लाउंज का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने जिले में ओवरब्रिज के अलावा मार्गों के चौड़ीकरण, रामघाट के सुंदरीकरण, लोहिया सभागार बनाए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि रोजगार सृजित करने के लिए सरकार जल्द ही नई उद्योग नीति लाएगी।
रामायण मेला के लोहिया सभागार में लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बिजली संकट पिछली सरकार की देन है। उस भ्रष्ट सरकार ने इस दिशा में कोई काम किया होता तो आज यह हाल न होता। उन्होंने कहा कि हम कोशिश कर रहे हैं कि दो से तीन साल में प्रदेश बिजली के मामले में आत्मनिर्भर हो जाए।
पंद्रह मिनट के भाषण में मुख्यमंत्री ने ज्यादा समय बिजली के गहराते संकट को दिया। उन्होंने कहा कि हमारी प्राथमिकता है कि प्रदेश में बिजली संकट दूर हो। अन्य व्यवस्थाएं भी दुरुस्त हों, जिससे उद्योगों को बढ़ावा दिया जा सके। पानी, बिजली, स्वास्थ्य और शिक्षा के लिए सरकार प्रयासरत है।
उन्होंने कहा हमने तो पिछली बार भी बिजली संकट के लिए काम किया था। चीनी मिलों तक से बिजली बनवाई थी। मुख्यमंत्री ने बेरोजगारों से कहा कि वह बेरोजगारी भत्ता तो दे रहे हैं साथ ही वादा करते हैं कि जल्द ही रोजगार भी देंगे। इसके लिए प्रदेश में शीघ्र ही उद्योग नीति लाई जाएगी। इससे पहले मुख्यमंत्री ने कन्या विद्याधन और बेरोजगारी भत्ता के दस दस लाभार्थियों को मंच से चेक दिए।