फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

22 साल पुरानी चोरी का ये कुबूलनामा पढ़कर आप भी कहेंगे, 'गजब है'

विज्ञापन
विज्ञापन
करीब 22 साल पहले एक महिला ने सराफा की दूकान से एक जोड़ी पायल चुरा ली थी।
विज्ञापन


वैसे इसकी भनक न तो दूकानदार को लगी और न ही महिला के घरवालों को, लेकिन खुद महिला अपराध बोध से ग्रसित हो गई। वह अपना अपराध कुबूल करना चाहती थी। इसलिए कई बार दूकान पर गई, पर लोकलाज के भय से उसकी हिम्मत छूट जाती। इससे वह पश्चाताप की आग में जलने लगी। इस तरह 22 साल निकल गए।

आखिरकार गुरुवार को उसने हिम्मत जुटाई। वह सराफा की दूकान पर पहुंची और अपने कृत्य का खुलासा करते हुए माफी मांगी। इसके बाद उसने पायल का मूल्य चुकाकर अपने अपराधबोध से मुक्ति पाई।
विज्ञापन
विज्ञापन

वाकया आजमगढ़ का है

वाकया आजमगढ़ का है। यहां के ठेकमा बाजार स्थित एक सराफा कारोबारी राजकुमार सेठ की दूकान पर गुरुवार की दोपहर 52 वर्षीय एक महिला पहुंची और चुपचाप बैठ गई। कारोबारी ने उससे पूछा कि क्या चाहिए। इस पर काफी सकुचाते हुए महिला ने बताया कि 22 साल पहले आभूषण देखने के दौरान वह चांदी की एक जोड़ी पायल चुरा ले गई थी।

उसने बताया कि वह इस दौरान कभी चैन से नहीं रही और आज ठान लिया कि वह दूकान पर जाकर अपने अपराध को स्वीकार कर दूकानदार से क्षमा मांगेगी।

अपनी बात पूरी करने के बाद महिला ने चुराई गई पायल की कीमत अदा करने के लिए दूकानदार को पांच सौ का नोट दिया। दूकानदार ने चार सौ रुपये काटकर सौ रुपये उसे वापस कर दिया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें