पटना में नरेंद्र मोदी की हुंकार रैली में धमाके करने वाले इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) के चार संदिग्धों को बिहार में गिरफ्तार करने के बाद एनआईए ने दिल्ली से भी दो संदिग्ध आतंकियों को हिरासत में लिया है।
इस बीच मोतिहारी में गिरफ्तार ताबिश नियाज उर्फ अरशद अंसारी ने खुलासा किया है कि इस सीरियल विस्फोट को अंजाम देने में छह लोग शामिल थे।
एनआईए सूत्रों के मुताबिक मोहम्मद आफताब नाम के संदिग्ध को दिल्ली के इंदिरा गांधी हवाई अड्डे से उस वक्त हिरासत में लिया गया जब वह अपनी पाकिस्तानी पत्नी को छोड़ने आया था।
इसके अलावा दिल्ली रेलवे स्टेशन से भी अफजल नाम के एक संदिग्ध को हिरासत में लिया गया है। आफताब इस मामले में पहले से गिरफ्तार आतंकी उज्जैर अहमद का भाई है।
उज्जैर से पूछताछ में ही आफताब और अफजल के बारे में पता चला। इन दोनों से पूछताछ की जा रही है। मुमकिन है कि इन दोनों को देर रात तक गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उधर, मंगलवार को गिरफ्तार ताबिश ने पुलिस को बताया कि घटना को अंजाम देने के बाद सभी छह आतंकी आगे की योजना को लेकर उसके गांव में मिलने वाले थे।
मोतिहारी के पुलिस अधीक्षक विनय कुमार ने कहा कि ताबिश ने विस्फोट से कुछ समय पहले मुख्य आरोपी इम्तियाज से फोन पर बात की थी। ताबिश को उसके गांव से पकड़ा गया था। वह काफी पढ़ा-लिखा है और रांची में कोचिंग संस्था चला रहा था। उन्होंने कहा कि जिले में आईएम के और सदस्यों को पकड़ा जा सकता है।
ताबिश ने यह भी बताया कि आईएम का फरार आतंकी तहसीन अख्तर उर्फ मोनू और हैदर ने बोध गया में सीरियल ब्लास्ट की घटना को अंजाम दिया हो। स्थानीय पुलिस ने रांची में इम्तियाज के घर से एक घड़ी बरामद की है। माना जा रहा है कि इस घड़ी का इस्तेमाल बोधगया विस्फोट में किया गया था।