'बिग बॉस 6' के अब सिर्फ कुछ ही दिन रह गए हैं। लेकिन घर के सदस्यों के बेघर होने का सिलसिला अभी भी जारी है। बीते सप्ताह घर से सपना भवनानी बेघर हो गई। सपना बेहद खुश हैं क्योंकि वो विजेता बनने नहीं बल्कि गेम खेलने आईं थी और समय से पहले बाहर आ गईं। सपना ने अमर उजाला से अपने बिग बॉस के अनुभवों को शेयर किया। आइए जानें सपना क्या सोचती है बिग बॉस के बारे में।
बिग बॉस के घर में कैसा एक्सपीरिएंस रहा?
एकदम सुपर्ब। लेकिन मैं बाहर आने के लिए बेहद एक्साइटेड थी।
आपका क्रिसमस और न्यू ईयर कैसा रहा?
मैं न्यू ईयर तो आम दिनों की तरह ही मनाती हूं लेकिन बिग बॉस ने मेरे क्रिसमस सेलिब्रेशन को यादगार बना दिया है। मैंने सोचा भी नहीं था कि मुझे इतना अच्छा क्रिसमस मनाने का मौका मिलेगा। दरअसज, पूरे साल में मेरा सबसे इंपोर्टेंड हॉलीडे क्रिसमस होता है, पहले मैं उदास थी कि क्रिसमस पर मैं बिग बॉस के घर में हूं, लेकिन बिग बॉस ने इतना अच्छा क्रिसमस दिया कि मैं उनकी बहुत शुक्रगुजार हूं।
आप शो के अंतिम समय में बाहर आ गए और आखिर तक नहीं पहुंच पाई, ऐसा क्यों?
ये तो मैंने ही बोला था। मैंने खुद बिग बॉस को बोला था कि मुझे अंतिम वीक तक नहीं पहुंचना। मैंने लास्ट वीक भी इसी बात को दोहराया था क्योंकि मुझे 50 लाख का लालच नहीं चाहिए। मेरे हिसाब से घर में बहुत सारे लोग हैं जो फाइनल तक पहुंचना चाहते थे। मेरी बिग बॉस से रिक्वेस्ट थी कि जिसको फाइनल तक पहुंचना है प्लीज उसे वहां तक पहुंचा दो और मेरे जैसे लोग जो अंतिम तक नहीं पहुंचना चाहते उन्हें निकाल दो। मैं बहुत थैंकफुल हूं कि मैं निकल गई।
बिग बॉस में इस सीजन बहुत से उतार-चढ़ाव आए, तो क्या आपने उम्मीद की थी कि बिग बॉस इस बार ऐसा होने वाला है?
मैंने दरअसल ये शो कभी देखा ही नहीं है। मुझे मालूम ही नहीं था कि क्या एक्सपेक्ट करना है। बहुत से लोगों से सुना था कि ये अलग है। मैंने बिग बॉस के बाकी सीजन भी नहीं देखे हैं और मेरे हिसाब से मुझे यहां बहुत मजा आया। मैंने यहां खूब सारी मस्ती की।
बिग बॉस के घर में जाने का आपका असल मकसद था क्या?
मेरा मोटिव था ''टू लिव लाइक ए वूमेन, ए मॉडर्न इंडियन वूमेन।'' लोगों ने औरतों को देखने की एक धारणा बना रखी है कि औरत ऐसी दिखनी चाहिए, वैसी दिखनी चाहिए, ऐसे बिहेव करना चाहिए, मेरे हिसाब से ये गलत है। मुझे इस धारणा को तोड़ना था। लोगों को बताना था कि एक इंडियन औरत ऐसी भी दिख सकती है और ऐसे भी रह सकती है। एक औरत इतनी मॉडर्न थॉट की भी हो सकती है।
तो क्या आप अपना मैसेज मास को देने में पूरी तरह सफल हुई हैं?
हां, क्योंकि मेरा मैसेज बातचीत वाला नहीं था। मेरा मैसेज एक्शन वाला था।
अब घर से बाहर आकर सबसे पहले किससे मिलना चाहती हैं?
मेरी फैमिली तो इस कंट्री में है नहीं, मैं अपने फ्रेंड्स और अपनी सेकेंड फैमिली यानी पूरी टीम से मिलना चाहूंगी। और शो में से असीम भइया से सबसे पहले मिलना चाहूंगी, अभी इसी वक्त मैं उनसे मिल सकती हूं तो।
आपको पता चले कि असीम आपसे मिलने के लिए बाहर इंतजार कर रहे हैं तो आपका क्या रिएक्शन होगा?
मैं पागल हो जाउंगी। पर मुझे नहीं लगता कि ऐसा कुछ है।
इस शो का विजेता कौन हो सकता है?
उर्वशी जीत सकती है।
बिग बॉस की तरह ही कोई ओर रियलिटी शो आता है तो क्या आप उसमें हिस्सा लेंगी?
नहीं, अब और नहीं।
इस शो के जरिए लोग आपको पहले से कहीं ज्यादा जान गए हैं?
(हंसते हुए) यही तो प्रॉब्लम होगा मेरे लिए। क्योंकि मैं अभी तक ट्रेन और रिक्शा से ट्रैवल करती हूं। अब उम्मीद करती हूं कि मेरा रिक्शा वाला अब मुझे ले जाने से मना ना कर दें। उसको ये ना लगे कि ये पागल औरत है इसको नहीं ले जाउंगा।
आपको इस बात का डर लग रहा है कि लोग आपको पहचान गए हैं तो आपको प्रॉब्लम होगी?
हां, मेरे रिक्शा वाले लोग क्या कहेंगे मुझे ये जानना है। जब मैं यहां से निकलूंगी तब मुझे पता चलेगा।
बिग बॉस के घर में सबसे कॉम्पलीकेटेड करैक्टर कौन लगता है?
शुरूआत में तो इमाम ने परेशान किया था लेकिन मैं बाद में उसको समझने लगी। तो ऐसा मुझे अब कोई नहीं लगता।
बिग बॉस के घर से बाहर आकर अपने अंदर कुछ बदलाव महसूस कर रही हैं?
नहीं बिल्कुल नहीं, मैं जैसे पहले थी, वैसे ही अब हूं। हां कल कोई चेंज आ गया तो कह नहीं सकती।
आपका कोई बेस्ट मोमेंट?
जो मैंने घर से बेघर होने से पहले इमाम के साथ वक्त बिताया जो हम दोनों ने बच्चा बनकर मस्ती की।
आपके हिसाब से बिग बॉस में और क्या बदलाव होने चाहिए?
मेरे हिसाब से मेल डोमिनेटिंग शो कम होना चाहिए। यहां पर कंटेस्टेंट भी ज्यादातर पुरूष ही हैं। ऐसा लग रहा है कि ये ऐसा मंच है जहां लड़की लोग को आकर पटाओ और सना जैसी लड़कियां ये गेम बखूबी खेल रही थीं। मुझे ये सब बिल्कुल अच्छा नहीं लगा। मुझे अच्छा लगेगा अगर इन चीजों को ज्यादा इंपोर्टेंस ना दी जाए और स्ट्रांगर वूमेन को प्रजेंट किया जाए तो ज्यादा अच्छा होगा।