जीएलए यूनिवर्सिटी के बीटेक मैकेनिकल इंजीनियरिंग के होनहार छात्रों के एक गुट ने बैटरी और पैडल से चलने वाली इस हाइब्रिड साइकिल में बैटरी से चलने वाली मोटर लगाई है। जिस समय बैटरी से न चलाना हो, व्यक्ति इसे पैडल से भी चला सकता है।
असल में इस हाइब्रिड साइकिल में बैटरी से चलने वाली एक हब मोटर का इस्तेमाल किया गया है। एक एक्सीलेटर हैंडल वैरियेबल रफ्तार पर साइकिल को चलाने में मदद करता है। यह साइकिल तीन मोड में चलती है।
जीएलए के सूत्रों ने बताया कि मैकेनिकल इंजीनियरिंग बैच के गगन सारस्वत, देवल अग्रवाल, गोपी चंद्र शर्मा, देश दीपक दीक्षित, दीपेश पोनिया और धीरेंद्र प्रताप शामिल थे। इस प्रोजेक्ट में विभागाध्यक्ष पीयूष सिंघल, हरीस शर्मा, नितिन अग्रवाल और रीतेश दीक्षित का पूरा निर्देशन और सहयोग मिला।
शैक्षणिक और छात्र उत्कृष्टता के मामले में मथुरा स्थित जीएलए यूनिवर्सिटी कई सालों से अगले पायदान पर स्थित है। यहां छात्रों को चहुंमुखी विकास के उत्साहवर्धक माहौल तैयार किया जा रहा है कि आने वाले समय में यहां के छात्र और ज्यादा प्रयोग और अविष्कार करेंगे जो जनता के लिए लाभदायक साबित होंगे।