फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नए साल का जश्नः एक तमाचा और कत्ल

Tue, 07 Jan 2014 03:41 PM IST
अमर उजाला, मुरादाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
नए साल के जश्न में हर कोई मशगूल था। 31 दिसंबर की रात थी। शराब का दौर चल रहा था। इसी बीच एक दंबग ने एक वकील से शराब के लिए पैसे मांगे। बदले में उसने एक जोरदार थप्पड़ जड़ दिया।
विज्ञापन


कुछ वक्त ही बीता था कि उस दबंग ने एक सुनसान गली में वकील को गोली मार दी। हत्या की खबर से वकील के घर में कोहराम मच गया। कत्ल के छह दिन बाद सोमवार को पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया।

यह घटना उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद शहर की है। दीपक शर्मा की 31 दिसंबर की रात करीब साढ़े नौ बजे घर से चंद कदम दूर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

परिजनों ने महिला अधिवक्ता प्रीति भटनागर समेत छह लोगों पर संदेह जताते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। सोमवार को पुलिस ने चाऊ की बस्ती में रहने वाले राजीव कालिया, धर्मपाल उर्फ धम्पू और अमित को गिरफ्तार किया। तब वारदात का खुलासा हुआ। बाइक मालिक सोनू की तलाश की जा रही है।
विज्ञापन

'अकेले मिले तो गोली मार दी'

धर्मपाल ने डिंपल के बेटे स्पर्श के सामने बताया कि शाम आठ बजे डिंपल मुझे होली का मैदान पर अतुल के साथ मिले। उस वक्त मैं अपने साथियों के साथ शराब पी रहा था। सूर्यनगर के एक दोस्त सोनू का भी इंतजार कर रहा था। डिंपल को देखकर मैंने उन्‍‌हें नमस्कार किया। इसके बाद शराब पीने लगा।

आधे घंटे बाद हम लोग चाऊ की बस्ती में एक दाल बेचने वाले की दुकान पर पहुंचे। यहां डिंपल फिर मिले। वह भी किसी के साथ शराब पी रहे थे। नए साल की रात थी। इसलिए उनसे शराब पिलाने को कहा। फिर कुछ पैसे मांगे। इस पर डिंपल ने गाली देनी शुरू कर दी। थप्पड़ मारकर धक्का दिया। उस वक्त वह किसी के साथ थे। बाद में गली में जब वह अकेले मिले तो गोली मार दी।

डिंपल के बच्चों ने पकड़वाए कातिल

डिंपल के बेटी और बेटों ने खुद ही कातिलों को पकड़वाया। पुलिस की जांच धीमी होने के बाद डिंपल के बेटे स्पर्श और बेटी तुषारिका ने अपनी तरफ से पड़ताल शुरू की।

उन स्थानों पर गए, जहां पर घटना वाली रात डिंपल गए थे। जानकारी करने पर धर्मपाल उर्फ धम्पू और अमित उर्फ अल्ला का नाम सामने आया। तब उन्होंने पुलिस से दोनों को पकड़ने का अनुरोध किया। पुलिस की छानबीन में सामने आया कि दोनों आरोपी वारदात के बाद से ही फरार हैं।

मोबाइल से लोकेशन निकलवाने के बाद मेरठ से धर्मपाल को पकड़ा गया। जबकि अल्ला और राजीव कालिया को मोहल्ले से ही उठाया गया।

खुलासे से संतुष्ट नहीं परिवार वाले

पुलिस ने भले ही तीन आरोपियों को पकड़कर वारदात का खुलासा कर दिया। लेकिन अधिवक्ता के परिवार वाले इससे संतुष्ट नहीं हैं। बेटे स्पर्श ने बताया कि महज शराब न पिलाने और पापा के गाली देने के कारण उन्हें गोली नहीं मारी गई। यह प्री प्लान मर्डर है। इसके पीछे कोई और है।

स्पर्श ने एसएसपी आशुतोष कुमार से भी कहा कि वह मामले की और गहनता से जांच कराएं, ताकि मर्डर करवाने वालों के नाम सामने आएं। बेटी तुषारिका ने भी बताया कि कर्ण सिंह दाल वाली दुकान पर पापा के साथ थे और उन्होंने धम्पू से किसी भी तरह के झगड़े की बात नहीं बताई।
विज्ञापन

50 रुपए के लिए धर्मपाल कर चुका है कत्ल

धर्मपाल उर्फ धम्पू हत्या के एक मामले में पहले भी जेल जा चुका है। कुछ माह पहले ही जेल से छूटकर आया था। धर्मपाल ने बताया कि उसने लाइनपार सरिता विहार में रहने वाले प्रमोद कुमार को 2009 में गोली मार दी थी।

बताया कि प्रमोद उसका साथी था। साथ बैठकर वह जुआ खेल रहे थे। तभी झगड़ा हुआ। पचास रुपए जबरन उसने अपने पास रख लिए और तैश में आकर धर्मपाल ने प्रमोद पर गोली चला दी थी। उसकी क्षेत्र में काफी रंजिश थी, इसलिए हरदम तमंचा अपने पास रखता था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें