कन्नौज। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस वे पर लाइट फिटिंग करा रहे मथुरा की कार्यदायी संस्था के सुपरवाइजर को मजदूरों ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। सुपरवाइजर ने तिर्वा कोतवाली पुलिस को तहरीर दी है।
इसमें पांच मजदूरों पर मारपीट का आरोप लगाया है। पुलिस ने जांच कर कार्रवाई की बात कही है
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एक्सप्रेस वे पर लाइटिंग के लिए मथुरा की आरईडब्ल्यू कंपनी को ठेका दिया गया है। शुक्रवार को सुपरवाइजर जीतेंद्र सिंह निवासी रामपलाखान थाना खैर, जनपद अलीगढ़ कई मजदूरों को लगाकर लाइट का काम करा रहा था।
बताया कि मजदूरों से सिंगल केबल को एक्सप्रेस वे पर अंडरग्राउंड डालने को कहा तो मजदूरों ने मना कर दिया। सुपरवाइजर के दोबारा कहने पर मजदूर गाली गलौज करने लगे। गालियां देने से मना करने पर गाजियाबाद निवासी ललित, बागल के साथ सहित तीन अज्ञात मजदूरों ने हमला बोल दिया और लात-घूसों से जमकर पिटाई की।
सुपरवाइजर जान बचाकर भागा तो मजदूरों ने फिर दौड़ा कर पकड़ लिया और पीटा। शोर मचाने पर कई लोग मौके पर पहुंचे और किसी तरह सुपरवाइजर को बचाया। जीतेंद्र सदर कोतवाली पहुंचा।
मामला तिर्वा कोतवाली क्षेत्र का होने से सदर कोतवाली पुलिस ने उसे तिर्वा कोतवाली भेज दिया, जहां उसने तहरीर दी। तिर्वा कोतवाली प्रभारी अमरपाल सिंह को कहना है कि वह कोतवाली में नहीं थे। किसी को शिकायती पत्र पीड़ित दे गया होगा। जानकारी करा कर मामले की जांच कराई जाएगी।