हिमाचल प्रदेश के सिरमौर में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है।
यहां शिवपुर पंचायत के भुंगरनी गांव में जिस्मफरोशी के अड्डे पर अय्याशी के पूरे इंतजाम थे।
पुलिस रेड में जब्त सामान से इसका खुलासा हुआ है। हर कमरे में एक से बढ़कर एक व्यवस्था थी।
मौके से टीम ने एक लाख से अधिक की नकदी, 4 बैंक खातों की कॉपी, स्विफ्ट कार, बाइक, 11 मोबाइल सेट, 16 बीयर की बोतलों सहित कई आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है।
सीमा पार से भी सप्लाई की जाती थी लड़कियां
कुछ मोबाइल सेट काफी कीमती बताए जा रहे हैं। मामले की सरगना आरोपी महिला कार का इस्तेमाल पड़ोसी राज्यों से महिलाओं को लाने तथा ले जाने में करती थी।
इससे साफ पता चलता है कि एकांत स्थल पर जिस्मफरोशी ठिकाने पर अय्याशी की पूरी व्यवस्था थी।
मंगलवार को पांवटा में डीएसपी सीआईडी राहुल शर्मा ने पत्रकार वार्ता में सारे खुलासा किए।
इधर, सेक्स रैकेट के आरोपियों को तीन दिन का पुलिस रिमांड दिया गया है। गुप्तचर विभाग की टीम ने सोमवार शाम को सभी आरोपी नाहन अदालत में पेश किया।
दिल्ली तक जिस्मफरोशी के तार
अदालत ने बुधवार तक सभी आरोपी पुलिस रिमांड पर भेज दिए हैं। मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना है। डीएसपी राहुल ने बताया कि आरोपियों को पुलिस रिमांड मिला है।
शिवपुर पंचायत के भुंगरनी गांव में जिस्मफरोशी के अड्डे के तार उत्तराखंड के अलावा बिहार और दिल्ली से भी जुड़े हैं।
हिमाचल के अलावा इन राज्यों के शैक्षणिक संस्थानों के छात्र यहां रंगरलियां मनाने आते थे।
बाहरी राज्यों से मौज मस्ती करने यहां आते थे छात्र
इसके अलावा यहां से दिल्ली, बिहार और उत्तराखंड तथा प्रदेश के कुछ जिलों में लड़कियों की सप्लाई भी की जाती थी।
काफी समय से लोग इसका विरोध भी करते आ रहे थे, लेकिन सुनने वाला कोई नहीं था।
सीआईडी टीम की क्षेत्र के कुछ संदिग्ध रिहायश स्थलों, होटलों तथा ढाबों पर भी नजर है।
उधर, डीएसपी सीआईडी विभाग नाहन राहुल शर्मा ने कहा कि गंभीरता से जांच हो रही है। मामले में उत्तराखंड, बिहार तथा हिमाचल के आरोपी पकड़े गए हैं।
दूसरी बार सलाखों के पीछे महिला
पूछताछ में पता चल रहा है कि शिक्षण संस्थानों के छात्र भी यहां मौज मस्ती को आते रहे हैं।
जिस्मफरोशी के धंधे में गिरफ्तार एक महिला का 5 माह का बच्चा भी है। जांच टीम ने बच्चे पर रहम दिखाया है।
इसके लिए अलग बैरक में आरोपी महिला को रखा गया। जिससे बच्चे को दूध पिला सके।
जिस्मफरोशी के मामले की मुख्य आरोपी महिला सात साल पहले भी गिरफ्तार हुई थी। दिल्ली निवासी एक युवक ने पांवटा थाने में शिकायत दर्ज करवाई थी।
इसके बाद पांवटा पुलिस टीम ने तीन स्थानीय महिलाओं को जिस्मफरोशी मामले मे गिरफ्तार किया।