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जेल में सेक्स स्कैंडल का भंडाफोड़, बंदियों से रेप

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पुलिस कस्टडी के दौरान हवालात में महिलाओं से जबरन शारीरिक संबंध बनाने वाले पुलिस अधिकारी को आखिरकार नौकरी से निकाल दिया गया। 46 वर्षीय आरोपी सार्जेंट रिचर्ड इवान को साउथ वेल्स पुलिस ने बाहर का रास्ता दिखाया है।
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आरोप है कि इवान ने न सिर्फ महिलाओं के साथ जबरदस्ती की बल्कि साथ में काम करने वाले पुलिसकर्मियों को भी सताया है। हालांकि 25 साल तक पुलिस विभाग में रहे रिचर्ड ने महिलाओं के साथ सेक्स और उनके नाजुक अंगों को चोट पहुंचाने की बात से इंकार किया है।

इस मसले पर कोर्ट में चले केस में आरोपी को बरी कर दिया गया था, लेकिन पुलिस विभाग की ओर से की गई विभागीय कार्रवाई में उसे पद से हटा दिया गया। उसके खिलाफ कुछ 41 शिकायतें दर्ज कराई गई थीं, जिनमें से 32 यौन उत्पीड़न की थीं।
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पुलिस वैन में लिया चुंबन, नाजुक अंगों से छेड़छाड़

डेली मेल के अनुसार, इवान पर आरोप लगा था कि उसने एक मामले में संदिग्ध महिला को हिरासत में लिया और पुलिस वैन में उसे चूमने की कोशिश की। इसके बाद उसने थाने में बने एक कमरे में उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए।

एक अन्य महिला ने आरोप लगाया कि इवान ने उसे तो बख्श दिया लेकिन उसकी बेटी पर बुरी नजर डाली। इसके अलावा तीसरी महिला ने भी अपने बयान में कहा कि आरोपी ने उसे गिरफ्तार किया और जबरदस्ती किस किया। उसने उसके नाजुक अंगों को भी चोट पहुंचाई।

आरोप लगाने वाली महिला ने कहा कि जिस वक्त जेल में अपने कपड़े बदल रही थी, तो आरोप ने वहां लगे पर्दे को हटा दिया और कहा कि वह उसके ब्रेस्ट देखना चाहता है। हालांकि कोर्ट में उसे सबूत न होने का फायदा मिला और वह बरी हो गया।

महिलाओं से रेप करते वक्त अधिकारियों को दी गालियां

साउथ वेल्स के पॉन्टीपूल के पास रहने वाले इवान पर इंटरनेट के जरिए दुर्व्यवहार करने का आरोपी बनाया गया। ये आरोप उस पर सीनियर पुलिस अधिकारियों ने लगाए. इस तरह उसके खिलाफ कुल 41 शिकायतें की गईं। इनमें हिरासत में ली गईं महिलाओं और सहकर्मियों के यौन उत्पीड़न के मामले भी शामिल हैं।

डिप्टी चीफ कांस्टेबल क्रेग गिल्डफोर्ड ने कहा कि रिचर्ड इवान का व्यवहार बेदह शर्मनाक रहा है। उसने महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार करते समय अपने वरिष्ठ अधिकारियों को भी गालियां दीं।

उन्होंने कहा कि इवान ने अपनी ड्यूटी को नजरअंदाज किया और महिलाओं के सम्मान से खिलवाड़ किया। उसका यही रवैया उसके लिए मुसाबत बन गया और नौकरी से निकाल दिया गया। मामले की विभागीय सुनवाई के दौरान स्टाफ के लोगों ने आरोपी के खिलाफ पक्के सबूत दिए जिसके बाद उसे निकाल दिया गया।

पानी पिलाने के बहाने कमरे में ले जाकर किया सेक्स

बीते वर्ष अगस्त में मामले की सुनवाई के दौरान एक महिला ने बयान दिया था कि इवान ने हिरासत के दौरान रात में उसके अंगों से छेड़छाड़ की और गलत तरीके से छुआ। उस वक्त वह शराब के नशे में धुत था और जेल की सेल में ही सो गया।

महिला ने कोर्ट में दिए गए बयान में कहा कि वह पुलिस की वर्दी देखकर इतनी घबराई थी कि कुछ नहीं कर सकी और आरोपी उसके साथ मनमर्जी करता रहा। उसे शराब पीकर हंगामा करने के आरोप में थाने ले जाया गया था।

गिरफ्तारी के बाद अगली सुबह जब वह जागी तो उसे प्यास लगी थी। उसने इवान से पानी मांगा तो वह उसे एक कमरे में ले गया और ड्यूटी के दौरान उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। उसने सेक्स के बाद चुपचाप अपने कपड़े पहने और अपनी डेस्क पर जाकर बैठ गया। इसके बाद उसने पीड़िता से कोई बात नहीं की और ऐसा व्यवहार किया कि उनके बीच कुछ हुआ ही नहीं।
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लिफ्ट देकर की छेड़छाड़, बनाए शारीरिक संबंध

महिला ने खुलासा किया कि इवान से उसकी मुलाकात पहली बार 2003 में हुई थी, जब उसने उसे घर छोड़ने के लिए अपनी गाड़ी में लिफ्ट दी थी। तब भी उसने पुलिस वैन के अंदर उसे किस किया और उसके अंगों से छेड़छाड़ की। इसके बाद वह आगे बढ़ता गया और उसे ओरल सेक्स के लिए भी उकसाने लगा।

2006 में उनके बीच यौन संबंध बने लेकिन फिर भी उसने इसकी शिकायत नहीं की। उसने इस मुद्दे को सब उठाया जब दो अन्य महिलाओं ने इवान के खिलाफ यौन उत्पीड़न का केस दर्ज कराया।

आईपीसीसी के कमिश्नर जेन विलियम्स ने कहा कि इवान का व्यवहार किसी भी हालत में स्वीकार करने योग्य नहीं था. ग्वेंट पुलिस की ओर से की गई जांच में यह सामने आया और उसी के बाद इवान को नौकरी से निकाला गया।
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