‘मेरे मां-बाप ने ही तीन दिन पहले मुझे मेरठ के घंटाघर इलाके में रहने वाले एक युवक को तीन लाख रुपये में बेच डाला।’ नौचंदी एक्सप्रेस के एस-2 कोच की बर्थ नंबर-09 पर डरी सहमी सफर कर रही किशोरी के मुंह से जिसने भी यह अल्फाज सुने, दंग रह गया।
यात्रियों ने शुक्रवार रात नौ बजे हापुड़ स्टेशन पर उसे उतारा और जीआरपी के जवान उसे चौकी ले आए। वहां पूछताछ के दौरान किशोरी ने जो भी जानकारी दी उसके बल पर जीआरपी अब उसके परिजनों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
इस दौरान रेलवे स्टेशन पर किशोरी के अपहरण का शोर मचा जिससे हड़कंप मच गया। इस दौरान 15 मिनट तक ट्रेन रुकी रही। सहारनपुर निवासी सोनिया (19) सहारनपुर से चलकर इलाहाबाद की ओर जाने वाली नौचंदी एक्सप्रेस के एस-2 कोच की बर्थ नंबर-09 पर सफर कर रही थी। वह बुरी तरह घबराई हुई थी।
जब ट्रेन मुजफ्फरनगर पहुंची तो कुछ युवक व डेरा सच्चा सौदा के सेवादार भी लखनऊ जाने के लिए कोच में सवार हो गए। जब ट्रेन मेरठ से निकली तो किशोरी को भयभीत देखकर युवकों ने उससे जानकारी की तो उसने अपने परिजनों पर तीन लाख रुपये में किसी युवक के हाथ बेचने का आरोप लगा कोच में बैठे यात्रियों को हिला कर रख दिया।