मिर्जापुर के हलिया थाना क्षेत्र में दुराचार की शिकार किशोरी की आबरू की कीमत पंचायत में पांच सौ रुपये लगाकर मामले को रफा-दफा करने की कोशिश की गई थी, लेकिन पीड़ित के घरवालों के आगे किसी की एक नहीं चली। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
पंचायत की बात का खुलासा रविवार को तब हुआ जब किशोरी को लेकर पुलिस मेडिकल के लिए जिला अस्पताल पहुंची। वहां पर किशोरी के पिता ने बताया कि जब आरोपी के घर वालों से इसकी शिकायत की गई तो जवाब मिला कि मामला पंचायत से हल कर लिया जाएगा।
शनिवार को पंचायत में लोगों ने उसकी पुत्री को पांच सौ रुपये दिए और कहा कि घटना की शिकायत कहीं मत करना। यह होता रहता है। इसके बाद घरवालों ने शनिवार को ही हलिया थाने में आरोपी के खिलाफ तहरीर दे दी। पुलिस ने आरोपी दीपू पटेल के खिलाफ दुराचार करने तथा पास्को एक्ट और अन्य अन्य आरोप में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
थानाध्यक्ष हलिया राजाराम ने कहा कि पंचायत में किशोरी के घरवाले पैसे मांग रहे थे। आर्थिक अनुसंधान केंद्र के कार्यकर्ताओं ने मामला थाने तक पहुंचाया नहीं होता तो यह पंचायत में निपट जाता। पुलिस आरोप की जांच कर रही है। आरोपी को जेल भेज दिया गया है।
'खाने-पीने के लिए दिए पांच सौ रुपये'
इस संबंध में ग्राम प्रधान का कहना है कि किशोरी के पिता ने घटना की जानकारी दी थी। पैसे की कोई बात पंचायत में नहीं उठी थी। हां, किशोरी को पांच सौ रुपये दिए गए थे लेकिन ये रुपये उसे खाने-पीने के लिए दिए गए थे।