रैगिंग का विरोध करने पर शहर के घनी आबादी वाले दिल्ली वाला मोहल्ला में मंगलवार की देर रात पॉलीटेक्निक के कुछ छात्रों ने अपने साथियों की मदद से दो युवकों की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी।
मृत युवकों में एक का भाई शहर के एमजी पॉलीटेक्निक का छात्र है और उसके साथ रैगिंग की थी। घटना के बाद घंटों मौके पर अफरा-तफरी मची रही।
एसपी और अन्य पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और फिर सुबह डीआईजी ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की जानकारी की।
घटना की रिपोर्ट तीन नामजदों और दो अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज कराई गई है। नामजदों में पॉलीटेक्निक का चीफ प्रॉक्टर भी शामिल है।
रैगिंग की शिकायत करने पर हत्या
कोतवाली क्षेत्रांतर्गत दिल्ली वाला मोहल्ला निवासी ऋषभ कौशिक उर्फ हनी एमजी पॉलीटेक्निक में इलेक्ट्रोनिक्स में द्वितीय वर्ष का छात्र है।
आरोप है कि 1 सितंबर को जब वह कॉलेज में गया तो उसने ड्रेस नहीं पहन रखी थी। इसी बात पर वहां उसे कॉलेज के दो छात्रों ने पकड़ लिया। इन छात्रों ने उसकी रैगिंग की। उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई।
आरोपी छात्रों में सिविल ट्रेड का तीसरे वर्ष का छात्र सोहनलाल और गत वर्ष का ऑटोमोबाइल ट्रेड का छात्र अभिषेक यादव था।
परिजनों की मानें तो अभिषेक कॉलेज के चीफ प्रॉक्टर बीएल यादव निवासी नवीपुर कलां हाथरस का रिश्तेदार है और उन्हें इनका पूरा संरक्षण मिला हुआ है।
दो छात्र समेत पांच आरोपी
परिजनों ने बताया कि अभिषेक को पिछले साल नकल में पकड़े जाने पर रिस्टीकेट भी किया जा चुका था। रैगिंग की जानकारी शाम को ऋषभ ने अपने परिजनों को दी।
इस पर मंगलवार को उसका बड़ा भाई अंशुल कौशिक पुत्र मनोज कौशिक अपने पिता के साथ कॉलेज गया था। इन लोगों ने कॉलेज प्रशासन से शिकायत की थी तो वहां उल्टे उन्हें ही फटकारा गया। इस शिकायत की जानकारी रैगिंग करने वाले छात्रों को भी हो गई थी।
आरोप है कि इसके चलते ये छात्र अपने अन्य साथियों के साथ दिल्ली वाला मोहल्ला में हनी के घर के बाहर पहुंच गए। रात में 11 बजे के लगभग जब हनी का भाई अंशुल अपने एक दोस्त केशव पचौरी पुत्र अशोक पचौरी निवासी बख्तावर गली के साथ मेला देखने के लिए निकला। तभी घात लगाकर बैठे इन लोगों ने अंशुल को घेर लिया।
इन लोगों ने उससे कहा कि उसने उनकी शिकायत की है तो अब अंजाम भुगत। इस पर इन लोगों ने वहां तमंचे आदि से फायरिंग कर अंशुल और केशव पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं।
एसपी ने किया मौके का निरीक्षण
गोलियां लगने से अंशुल और केशव गंभीर रूप से घायल हो गए और हमलावर वहां से भाग गए। घटना के बाद वहां अफरा-तफरी मच गई।
पुलिस भी पहुंच गई और घायलों को उपचार के लिए जिला अस्पताल लाया गया। वहां से अलीगढ़ भेजा गया। उपचार के बीच इन दोनों ने दम तोड़ दिया।
घटना की सूचना पाकर एसपी दीपिका तिवारी, एएसपी अजय प्रताप और अन्य अधिकारी मौके पर पहुंच गए। डीआईजी सतेंद्रवीर सिंह ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया।
घटना की रिपोर्ट अंशुल के पिता मनोज ने अभिषेक, सोहनलाल और बांकेलाल यादव के अलावा दो अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज कराई है। नामजद बांकेलाल यादव पालीटेक्निक में चीफ प्रोक्टर है और इलेक्ट्रॉनिक विभाग का हेड है।